छपरौली। बिजनौर की सदर तहसील के नायब तहसीलदार राजकुमार के आत्महत्या करने का पता चलते ही उनके गांव नांगल में शोक छा गया और परिवार वाले बिजनौर चले गए। बुधवार शाम बिजनौर से गांव में शव लाया गया और गमगीन माहौल में अंतिम संस्कार किया गया।
नायब तहसीलदार राजकुमार मूल रूप से नांगल गांव के रहने वाले कंवरपाल के इकलौते बेटे थे। राजकुमार फरवरी 2016 में राजस्व निरीक्षक के पद पर भर्ती हुए थे और वर्ष 2022 तक बागपत व खेकड़ा तहसील में तैनात रहे और फिर वर्ष 2022 में पदोन्नति होने के बाद नायब तहसीलदार बनकर बिजनौर चले गए। वहां पर अपनी मां, पत्नी और दो बेटियों के साथ सरकारी आवास में रह रहे थे, जबकि उनके पिता कंवरपाल, चाचा व दादी गांव में ही रहते थे। कुछ दिन पहले नायब तहसीलदार राजकुमार छुट्टी लेकर परिवार के साथ गांव में आए थे। गांव में परिवार वालों के साथ कई दिन बिताने के बाद यहां से वापस गए थे। उनके पिता नम आंखों के साथ कहते हैं कि एक ही बेटा था, वह भी बुढ़ापे में छोड़कर चला गया। उनकी पूरी दुनिया ही चली गई। कहा कि बेटे ने उनको कभी किसी समस्या के बारे में नहीं बताया।
साथी बोले, कई दिन पहले हुई थी बात, तब ऐसा कुछ नहीं बताया
नायब तहसीलदार राजकुमार के साथ ड्यूटी करने वाले लेखपाल विनोद शर्मा ने बताया कि कई दिन पहले उनसे बात हुई थी। तब उन्होंने ऐसा कुछ नहीं बताया, जिससे वह परेशान हों। नायब तहसीलदार की मौत होने से उनके साथी भी गमगीन हैं।