बागपत। अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश एफटीसी प्रथम नीरु शर्मा ने फरीदा की दहेज हत्या में उसके पति आसिफ पर दोषसिद्ध कर दिया। सजा पर सुनवाई के लिए 21 सितंबर नियत की।
अलावलपुर गांव निवासी सनावर ने अप्रैल 2021 में रमाला थाने में अपनी बेटी फरीदा की दहेज हत्या की प्राथमिकी दर्ज कराई थी। उन्होंने बताया कि सात जून 2020 को अपनी बेटी फरीदा की शादी आसिफ निवासी कासिमपुर खेड़ी के साथ कराई थी। शादी के बाद ससुराल वालों ने दहेज की मांग को लेकर फरीदा को पीटना शुरू कर दिया। इसको लेकर कई बार समाज के लोगों की पंचायत में समझौता भी हुआ। इसके बाद भी ससुराल वाले नहीं माने और 20 अप्रैल 2021 को फांसी लगाकर फरीदा की हत्या कर दी। पुलिस ने दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया। साथ ही न्यायालय में आरोप पत्र दाखिल कर दिया। इस मामले की सुनवाई अपर जिला एवं सत्र न्यायालय एफटीसी प्रथम में चल रही थी। शुक्रवार को सुनवाई पूरी होने पर न्यायाधीश नीरु शर्मा ने आसिफ पर दोषसिद्ध कर सजा पर सुनवाई के लिए 21 सितंबर नियत की। साथ ही साक्ष्य के अभाव में दूसरे आरोपी ससुर यूसुफ को दोषमुक्त कर दिया गया।