साहिबा की फाइल फोटो और गमजदा महिलाएं।
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छपरौली स्थित मुकुंदपुर गांव में बेटी जैसमीन के निकाह से पहले शुक्रवार रात को उसकी विधवा मां साहिबा (42) के पैर में सांप ने डस लिया। गांव में झाड़फूंक कराने के बाद साहिबा घर में सो गई, जिसकी शनिवार सुबह हालत ज्यादा खराब हो गई। परिजन साहिबा को जिला अस्पताल लेकर पहुंचे, जहां से जीटीबी दिल्ली के लिए रेफर कर दिया। अस्पताल लेकर जाते समय साहिबा की मौत हो गई। उनकी मौत के बाद शनिवार को होने वाला जैसमीन का निकाह टाल दिया गया।
मुकुंदपुर गांव की रहने वाली साहिबा के पति मौसम की तीन साल पहले हलालपुर गांव के ईंट भट्ठे पर मिट्टी की ढांग गिरने से दबकर मौत हो गई थी। तभी से साहिबा मेहनत-मजदूरी करके अपनी पांच बेटियों रेशमा, जैसमीन, सोनी, फातिमा, नायमा और एक बेटे आहद की जिम्मेदारी संभाल रही थीं। उनकी बेटी रेशमा की पानीपत के बापोली के युवक से निकाह हो चुका है। वहीं दूसरी बेटी जैसमीन का निकाह धनौरा पुट्ठी के युवक से तय हुआ। उसका निकाह शनिवार को दिन में होना था और उसकी तैयारियों में परिवार वाले लगे हुए थे।
गांव के हनीफ ने बताया कि शुक्रवार रात साहिबा अपने बच्चों के साथ घर में सोई हुई थी। रात करीब एक बजे उसके पैर में सांप ने डस लिया। इससे साहिबा की नींद खुल गई और सांप को जाते हुए देख लिया। इसके बाद गांव में ही झाड़फूंक करने वाले के यहां उपचार कराने के बाद साहिबा सो गई।
शनिवार की सुबह सांप के डसने के आठ घंटे बाद साहिबा की हालत बिगड़ गई, उसके मुंह से झाग आने लगे। परिवार वाले साहिबा को लेकर सीएचसी पहुंचे, जहां से जिला अस्पताल और वहां से जीटीबी दिल्ली रेफर कर दिया। वहां पहुंचने से पहले रास्ते में ही उसकी मौत हो गई। साहिबा की मौत के बाद उसकी बेटी जैसमीन का निकाह भी टाल दिया गया, जो बाद में तारीख तय करके किया जाएगा। इस तरह तरह परिवार में निकाह की खुशियां मातम में बदल गई।