बागपत। भाजपा के प्रधानमंत्री पद के प्रत्याशी नरेन्द्र मोदी दो फरवरी की मेरठ रैली में केन्द्र और प्रदेश सरकार को तो निशाने पर लेंगे ही, साथ ही बागपत की नजर इस बात पर भी होगी कि वह रालोद प्रमुख अजित सिंह को कितना महत्व देंगे। सूत्रों के अनुसार भाजपा हाईकमान से कहा गया है कि मोदी अपने भाषण में बागपत के मुद्दे भी प्रभावी ढंग से उठाएं।
दरअसल, मोदी जिस शहर में भी भाषण देते हैं, वहां की स्थानीय समस्याओं का जिक्र जरूर करते हैं। आगरा की रैली में पर्यटन से लेकर पेयजल तक का मुद्दा उठाया था। ऐसी ही तैयारी मेरठ की विजय शंखनाद रैली में की जा रही है। मोदी सिर्फ मेरठ शहर ही नहीं, पश्चिमी यूपी की सभी प्रमुख समस्याओं पर फोकस करेंगे। इनमें मुजफ्फरनगर दंगे भी महत्वपूर्ण है जिनकी आंच बागपत तक पहुंची थी।
बागपत जिला संगठन ने बाकायदा इस पिछड़े जनपद की प्रमुख समस्याओं से प्रदेश हाईकमान को अवगत कराया है। यह भी लिखकर दिया गया है कि केन्द्र और प्रदेश की सरकार बागपत की अनदेखी कर रही हैं। इसी के चलते यह जनपद लगातार पिछड़ता जा रहा है।
यही जानकारी नरेन्द्र मोदी तक पहुंचाई जाएगी। भाजपा जिलाध्यक्ष कुलप्रकाश का कहना है कि मेरठ रैली के लिए बागपत की दो प्रमुख समस्याएं हाईकमान को बताई गई हैं। एक यहां की टूटी पड़ी सड़कें और दूसरी गन्ना का बकाया भुगतान।
अब देखना यह है कि नरेन्द्र मोदी इन मुद्दों को किस ढंग से उठाते हैं और इनके लिए किसे जिम्मेदार ठहराते हैं? रालोद नेताओं की नजर भी इस रैली पर भीड़ देखने के साथ ही यह देखने के लिए भी रहेगी कि मोदी नागर विमानन मंत्री अजित सिंह को कितना महत्व देंगे और उनके विषय में क्या बोलेंगे।