निवाड़ा के खादर में अफसरों ने खनन रुकवाया
बागपत। नैथला के यमुना खादर में ग्रामीणों और ठेकेदार के बीच बढ़ते तनाव को देखकर अफसर टेंशन में आ गए। एसडीएम बागपत ने खादर में पहुंचकर बालू खनन रुकवा दिया। एसडीएम का कहना है कि खादर की भूमि की पैमाइश होने के बाद ही दोबारा खनन चालू होने दिया जाएगा।
नैथला गांव के किसानों के खेतों से बालू का परिवहन करने की प्रशासन ने अनुमति दे रखी है जबकि खनन की अनुमति ठेकेदारों को हरियाणा सरकार से मिली हुई है। खादर में बालू का खनन शुरु होने के बाद विवाद शुुरू हो गया था। ग्रामीणों का आरोप था कि उनके गांव के खादर से अवैध रूप से बालू का खनन किया जा रहा है। कई बार किसानों और ठेकेदारों के बीच झडप हो गई थी। कुछ समय के लिए बालू खनन बंद भी हुआ था। लेकिन दोबारा चालू हो गया था। किसान और बालू खनन ठेकेदार के बीच कभी भी टकराव उत्पन्न हो सकता था। ग्रामीण अफसरों से भी शिकायत कर रहे थे। इस पर संज्ञान लेते हुए एसडीएम विवेक कुमार यादव और सीओ दिलीप सिंह शनिवार को खादर में पहुंचकर बालू खनन का काम रूकवा दिया। इस दौरान वहां पर अनेको किसान इकट्ठे हो गए थे। एसडीएम का कहना है कि ग्रामीणों की शिकायत पर बालू खनन का काम रुकवाया गया है। बागपत और सोनीपत की राजस्व की टीम खादर की भूमि की पैमाइश करेगी। तभी बालू का खनन होने दिया जाएगा।