बिनौली (बागपत)। बरनावा में हिंडन नदी के किनारे चल रहे उत्खनन कार्य में मृदभांड, हाथी दांत और एक पुराना सिक्का मिला है। पुरातत्व विभाग ने मिट्टी के बर्तनों को पॉटरी यार्ड में रखवा दिया है, जबकि सिक्के के कालक्रम की पहचान कराने का प्रयास किया जा रहा है। उधर, टीले पर खुदाई के लिए दिनभर सफाई कार्य होता रहा।
बुधवार को उत्खनन विभाग की टीम के निर्देशन में मजदूरों ने हिंडन किनारे बनाए गए गड्ढ़ों में खुदाई की। इस दौरान यहां पर मिट्टी के पुराने बर्तनों के अवशेष मिले हैं। इसके अलावा पुराना सिक्का मिला है, यह किस काल है कि अभी इसकी पुष्टि नहीं हो सकी है। हाथी दांत के अवशेष भी मिलने की चर्चा है। टीले की खुदाई के दौरा हजारों साल पुरानी दो दीवार भी मिली हैं। हालांकि अभी तक पुरातत्व विभाग की टीम ने खुदाई के दौरान मिलने वाली चीजों की पुष्टि नहीं की है। टीले पर उत्खनन के लिए यहां सफाई कार्य किया ।
बरनावा टीले के विवाद की
सुनाई एक दिन के लिए टली
बागपत। बरनावा गांव के लाक्षागृह के विवादित टीले की जमीन के केस की सुनाई एक दिन के लिए टल गई है। बृहस्पतिवार को कोर्ट में सुनवाई होगी।
अधिवक्ता शाहिद अली ने बताया कि यह केस सिविल जज जूनियर डिवीजन प्रथम की कोर्ट में विचाराधीन है। बुधवार को केस की सुनवाई होनी थी। विपक्षी ने अधिवक्ता के माध्यम से प्रार्थना पत्र अदालत में दिया। इस कारण एक दिन के लिए सुनवाई टल गई है। बृहस्पतिवार आज कोर्ट में केस की सुनवाई होगी। बता दे कि बरनावा गांव के लाक्षागृह की करीब 36 बीघा जमीन पर पिछले 47 साल से विवाद चल रहा है। मुस्लिम समाज के लोग इस जमीन को कब्रिस्तान की भूमि बता रहे है। जबकि दूसरे पक्ष का दावा है कि यह जमीन लाक्षागृह की है।