रोडवेज पर बस की प्रतिक्षा में बैठी महिलाएं।
रक्षाबंधन पर घर जाने वालों की भीड़ रविवार को निकल पड़ी। रेलवे स्टेशन और बस स्टैंड पर रविवार को काफी भीड़ दिखी। हालांकि परिवहन निगम की ओर लखनऊ-कानपुर-दिल्ली रोड पर मंडल में 80 अतिरिक्त बसें लगाई गईं थीं। कई बसों के फेरे भी बढ़ाए गए थे। फिर भी लोकल रूटों पर बसों की संख्य कम होने से यात्रियों को इंतजार करना पड़ा। रेलवे स्टेशन पर यात्री ट्रेनों के इंतजार में दिखे। भीड़ के कारण उन्हें भी खड़े होकर यात्रा करनी पड़ी।
भीड़ के कारण न तो ट्रेनों में जगह मिली और न ही बसों में। इससे लोगों को दिक्कतों का सामना करना पड़ा। आरएम धमेंद्र नाथ ने बताया कि दिल्ली रूट पर ज्यादा ध्यान रखा गया, क्योंकि ज्यादातर सवारियां यहीं के लिए हैं। पूरे मंडल में इस रूट पर 80 अतिरिक्त बसें लगाई गईं थीं। मंडल की 471 बसों में ज्यादातर को आन रोड रखा गया।
एआरएम बिड़ला सिंह ने बताया कि आजमगढ़ डिपो की 99 और अंबेडकर डिपो 97 बसों में ज्यादातर सड़क पर रहीं। परिवहन निगम की ओर से चालकों-परिचालकों के लिए प्रोत्साहन स्कीम भी चलाई गई है, ताकि ज्यादा से ज्यादा बसों को आनरोड रखा जा सके। पांच से 10 अगस्त तक रोजाना तीन सौ किमी से ज्यादा बस चलाने पर 55 पैसे प्रति किमी और निर्धारित अवधि के दौरान 1800 किमी बस चलाने पर 12 रुपये की प्रोत्साहन राशि चालक-परिचालक को दी जाएगी।
वहीं दूसरी और रक्षा बंधन पर्व की पूर्व संध्या पर बहनों ने जमकर राखी और मिठाई की खरीदारी की।शहर के मुख्य चौक पर भीड़ के चलते जाम की स्थिति उत्पन्न हो गई थी। बच्चों को कार्टून चरित्र वाली राखियां पहली पसंद थीं।