आजमगढ़। सीबीएसई, सीआईएससीई और यूपी बोर्ड के स्कूलों में नए सत्र का आगाज हो गया है। बाजार में एनसीईआरटी की किताबें नहीं पहुंची हैं। विद्यार्थी और अभिभावक परेशान है।जिले के 806 माध्यमिक विद्यालयों में नेशनल काउंसिल ऑफ एजुकेशन रिसर्च एंड ट्रेनिंग (एनसीईआरटी) की किताबें चलती हैं। एनसीईआरटी की किताब के लिए विद्यार्थी उनके परिजन शहरभर में पुस्तकों के दुकान की चक्कर काट रहे हैं। किताब न मिलने पर वे आधे दाम पर पुरानी किताब खरीद रहे हैं। हर वर्ष अप्रैल में
नया सत्र शुरू होते ही एनसीईआरटी की किताबों की मांग बढ़ जाती है। एनसीईआरटी की ओर से तय प्रकाशक ऑर्डर के आधार पर ही किताबों को प्रिंट कराते है। स्कूलों की ओर से सत्र शुरू करने की तिथि स्पष्ट न करने के कारण हर साल बाजार में किताबों की किल्लत हो जाती है। कई स्कूल प्रबंधन प्राइवेट पब्लिसर्स के दबाव में सत्र शुरू करने की तारीख नहीं बताते हैं। इस संबंध में डीआईओएस मनोज कुमार मिश्रा ने कहा कि एनसीईआरटी की किताबों की उपलब्धता के लिए प्रयास किए जा रहे हैं। प्रशासकों को दुकानदारों को किताबों की आपूर्ति करने के लिए निर्देश दिए गए हैं। इसके बाद स्थिति न संभलने पर उच्चाधिकारियों को रिपोर्ट भेजी जाएगी।