लाटघाट। सगड़ी तहसील क्षेत्र से होकर गुजरने वाली घाघरा नदी का तांडव जारी है। नदी तेजी से खेती योग्य भूमि को काट रही है। जूनियर हाईस्कूल बगहवा की उत्तरी दिवाल को काटकर नदी बस्ती की ओर बढ़ रही है। महुला गढ़वल बांध से 400 मीटर की दूरी पर नदी कटान कर रही है।
घाघरा नदी बाढ़ के बाद अब तांडव मचाने में जुटी है। नदी द्वारा तेजी से की जा रही कटान को देख देवारावासी सहमे हुए हैं। गागेपुर रिंग बांध तीन जगह करीब 300 मीटर से अधिक कट चुका है। मेन बंधा महुला गढ़वल बांध से नदी 400 मीटर दूर कटान कर रही है। वहीं महाराजगंज ब्लॉक के सेमरी में खेती योग्य भूमि का तेेजी का कटान हो रहा है। हरैया ब्लाक के अचल नगर में भी खेती योग्य भूमि कट रही है। देवारा खास राजा के बगहवा में घाघरा की कटान तेज हो गई है।
मुरारी के पूरा से साधु के पुरवा तक लगभग चार किमी लंबाई में घाघरा तेजी से कटान कर रही है। 24 घंटे में 200 बीघा जमीन घाघरा नदी धारा में विलीन हो चुकी है और अब जूनियर हाई स्कूल बगहवा की उत्तरी चारदीवारी काटकर आगे बस्ती की ओर बढ़ रही है। बस्ती के राज कुमार, विजय कुमार, अशोक कुमार, राम सिंह यादव, नागेंद्र, वीरेंद्र, रणविजय, ओपन, शिव लखन, राम लखन, श्याम और सुभाष आदि का घर घाघरा की कटान के निशाने पर है। शनिवार को दोपहर 12 बजे के करीब घाघरा की कटान इतनी तेज हुई कि देखते ही देखते 25 से 30 बीघा जमीन घाघरा में विलीन हो गई और गांव में हड़कंप मच गया। लोग आनन-फानन में अपना सामान सहेज रहे थे। ट्रैक्टर ट्राली पर लादकर लोग बाहर निकाल रहे हैं।
आवास आवंटन के लिए हुई खुली बैठक
लाटघाट। सगड़ी तहसील क्षेत्र के देवारा खास राजा जूनियर हाई स्कूल बगहवा स्थानीय लेखपाल पंकज कुमार, प्रधान प्रतिनिधि पलटन यादव, रामनिवास यादव, लाल बहादुर पटेल, अशोक, राम भजन सहित दर्जनों ग्रामीण स्कूल पर पहुंचे। लेखपाल पंकज ने बताया कि विस्थापित हुए लोगों के लिए खुली बैठक कर आवास आवंटन के लिए नजरी नक्शा तैयार कर एसडीएम सगड़ी अरविंद कुमार सिंह को तत्काल दिया जाएगा। जिससे एक सप्ताह के अंदर पट्टा धारकों को पट्टा दे कर कब्जा दिया जा सके। इसमें मुरारी के पुरवा में 24 घर, त्रिलोकी के पुरवा में 14 घर, भिमली के पुरवा में 16, जाग बली के पुरवा में आठ घर, मुसई के पुरवा में चार घर चिन्हित किए गए हैं जिनको आवंटन करना है।
जनप्रतिनिधि पहुंचे नहीं, जो आए सुनकर चले गए
लाटघाट। घाघरा के कटान से विस्थापित हुए ग्रामीणों की मजबूरी व दुख को सुनने के लिए जनप्रतिनिधि नहीं पहुंचे । विस्थापितों ने बताया कि जो लोग आए वह देख सुन कर चले गए। किसी ने हम सब के दुख का ख्याल नहीं किया और ना ही प्रशासन पर दबाव बनाया कि जल्द से जल्द जमीन और आवास उपलब्ध करा दिया जाए। जिससे हम लोग अपने मंडई में रह सकें।
कटने लगा स्कूल, चोर ने बनाया निशाना
लाटघाट। जूनियर हाई स्कूल देवारा खास राजा जहां कटने के कगार पर है। वही बीती रात चोरों ने तीन पंखा, दो सिलाई मशीन, खेलकूद के सामान और जंगला तोड़कर उठा ले गए। प्रभारी प्रधानाध्यापक हरिद्वार यादव ने बताया कि सुबह जब स्कूल गए हैं तो पीछे के जंगला टूटा मिला और उसमें रखा सामान गायब था। जिसकी तहरीर रौनापार थाने में दी गई है।
लाल निशान से काफी नीचे आया जलस्तर
लाटघाट। घाघरा नदी का जलस्तर दोनों ही खतरा बिंदुओं पर लाल निशान से काफी नीचे आ गया है। शुक्रवार को बदरहुंआ नाले पर नदी का जलस्तर 70.79 मीटर दर्ज किया गया था जो शनिवार को 13 सेमी घटकर 70.66 मीटर पर आ गया। यहां पर नदी का जलस्तर खतरा बिंदु 71.68 मीटर से 98 सेमी नीचे है। वहीं डिघिया नाले पर शुक्रवार को नदी का जलस्तर 69.73 मीटर दर्ज किया गया था। जो शनिवार को 13 सेमी घटकर 69.60 मीटर पर आ गया। यहां पर नदी का जलस्तर खतरा 70.40 मीटर से 80 सेमी नीचे है।