सोमवार सुबह टहलने निकले ग्रामीणों ने मंदिर के पीछे एक बंद बोरे में हलचल होते देखी। पहले तो वो डर गए लेकिन हिम्मत जुटाकर जब बोरे को खोला तो सभी आवाक रह गए। बोरे में प्रधान पति को बांध कर फेंक दिया गया था। प्रधानपति की हालत गंभीर है। आनन-फानन ग्रामीणों ने घायल को स्थानीय स्वास्थ्य केंद्र में भर्ती कराया साथ ही पुलिस को जानकारी दी। सूचना मिलते ही पुलिस अस्पताल पहुंच गई और बयान लेने पहुंची लेकिन उसकी हालत गंभीर देख चिकित्सकों ने उसे वाराणसी के लिए रेफर कर दिया।
कैथौली गांव का प्रधानपति हौसला प्रसाद राजभर गांव स्थित शिव मंदिर के पुजारी भी है। रोज की भांति शनिवार की देर शाम भी वह घर से 100 मीटर की दूरी पर स्थित मंदिर पर पूजा करने गए थे। रात आठ बजे तक जब वह घर नहीं लौटे तो परिजन खोजने पहुंच गए। काफी खोजबीन के बाद भी कुछ पता नहीं चला। रविवार को ग्रामीणों ने दीदारगंज चौक पर जाम कर प्रधानपति के जल्द से जल्द बरामदगी की मांग की।
जाम की सूचना पर कई थानों की पुलिस दीदारगंज चौक पर पहुंच गई और लाठियां भांज कर लोगों को खदेड़ा और जाम खुलवाया था। सोमवार को प्रधानपति उसी मंदिर के पीछे मिला जहां का वो पुजारी है। बताया जा रहा है बदमाशों ने बीती रात मौका देखकर पुजारी को यहां बोरे में बांधकर फेंका है। परिजनों के अनुसार बीते पांच जून को भी प्रधानपति पर चुनावी रंजिश को लेकर कुछ लोगों ने हमला किया था। चुनाव प्रचार के समय भी विरोधियों ने इन पर हमला किया था।