कप्तानगंज में धान के खेत में घुसे लावारिस पशु।
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कप्तानगंज। क्षेत्र के तेरही, काशीपुर, भवनपुर, चरौआ, नेवादा, लहरपार, पासीपुर, भरौली, कादीपुर हरकेश, हसनपुर, अमिलाई, आदि दर्जनों गांवों के किसान इन दिनों रतजगा करने को विवश हैं। क्योंकि उनकी धान की फसल में बालियां फूटने को हैं और छुट्टा पशु उनकी फसलों का नुकसान कर रहे हैं। इसलिए किसान रातों में जागकर अपने फसलों की रखवाली करने को विवश हैं।
किसानों का कहना है कि हमारी चिंता न शासन कर रहा है ना ही प्रशासन कर रहा है। क्षेत्र में छुट्टा पशुओं का झुंड खेतों में रात को धावा बोलता है दिन में तो उनका पता नहीं चलता। लेकिन रात को जरा सी भी चूक हो गई तो यह धान की फसल चर जाते हैं। इसकी जानकारी थाना से लेकर जिले के आला अधिकारियों को अवगत करा चुके हैं। लेकिन आश्वासन के सिवा कुछ भी हासिल नहीं होता। तीन दिन पहले तेरही गांव के किसान रात के समय पशुओं को हांक रहे थे इसी दौरान गश्त के लिए निकले अधिकारियों से बृजेश यादव, सिंदूर राजभर, रोहित, मोहित राम आदि किसानों ने पशुओं को दिखाकर समस्या का समाधान करने को कहा। यहां भी आश्वासन के सिवा कुछ भी हासिल नहीं हुआ। किसानों को मजबूरी में रतजगा करना पड़ रहा है। किसानों ने शासन और प्रशासन से इससे निजात दिलाने की मांग की है।