लेकिन बुधवार को लखनऊ में भाजपा प्रदेश अध्यक्ष स्वतंत्र देव सिंह की मौजूदगी में उन्होंने बसपा से नाता तोड़कर भाजपा में शामिल हुई। उनके सत्तासीन दल में जाने के बाद कयास लगाया जा रहा है कि सगड़ी सीट की चुनावी गणित में अभी बहुत से बदलाव भविष्य में देखने को मिलेंगे।