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Ayodhya News: बंदिशों से फिर जूझ रही अयोध्या धाम की अवाम

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बंदिशों से फिर जूझ रही अयोध्या धाम की अवाम
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निर्माण कार्य के चलते बंद हुआ रेलवे स्टेशन मार्ग, टेढ़ी बाजार से चार पहिया वाहनों के प्रवेश पर रोक
- जैन मंदिर और तुलसी स्मारक भवन चौराहे से भी रामपथ पर नहीं आ सकते चार पहिया वाहन

फोटो-18, 19
संवाद न्यूज एजेंसी
अयोध्या। अयोध्या धाम की अवाम एक बार फिर बंदिशों से जूझ रही है। जगह-जगह गिरे बैरियर लोगों की परेशानी बढ़ाने लगे हैं। टेढ़ी बाजार से चार पहिया वाहनों के प्रवेश पर तो रोक है ही। इसके अलावा जैन मंदिर और तुलसी स्मारक भवन चौराहे से भी रामपथ पर चार पहिया वाहनों का प्रवेश संभव नहीं है। इसके चलते अयोध्यावासी सबसे ज्यादा परेशान हो रहे हैं।
बृहस्पतिवार को हुई एक घटना के बाद लोगों का दर्द सामने आने लगा है। व्यापारी नेता नंद कुमार गुप्ता अपनी पत्नी को गंभीरावस्था में ई-रिक्शा से श्रीराम अस्पताल लेकर जा रहे थे लेकिन उन्हें दंतधावन कुंड चौराहे पर रोक दिया गया। व्यापारी नेता ने यहां तैनात यातायात व पुलिस कर्मियों पर मारपीट व अभद्रता का भी आरोप लगाया है। जैन मंदिर तिराहे से रामपथ की ओर से चार पहिया व तिपहिया वाहनों के प्रवेश पर रोक लगा रखी गई है। इसके अलावा तुलसी स्मारक भवन चौराहे से भी रामपथ की ओर चार पहिया व तिपहिया वाहनों के जाने पर रोक है। रेलवे स्टेशन की ओर जाने वाले मार्ग को भी निर्माण कार्य के चलते बंद कर दिया है। स्थानीय लोगों का कहना है कि कम से कम आपात स्थिति में तो बंदिशों में सहूलियत देना ही चाहिए।
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इनसेट
बंदिशों ने मरीजों की भी परेशानी बढ़ाई
- अयोध्या धाम सहित आस-पास के जिले गोंडा, बस्ती के मरीज श्रीराम अस्पताल में इलाज के लिए आते हैं, लेकिन यातायात बंदिशों ने मरीजों की परेशानी बढ़ा दी है। रेलवे स्टेशन मार्ग बंद हो जाने के बाद यह परेशानी और बढ़ गई है। यदि किसी मरीज को गंभीरावस्था में चार पहिया व तिपहिया वाहन से श्रीराम अस्पताल तक पहुंचना है तो कोई विकल्प हीं नहीं बचा है। डाकखाना से श्रीराम अस्पताल तक पहले ही ई-रिक्शा संचालन पर रोक है। रेलवे स्टेशन मार्ग से होकर लोग श्रीराम अस्पताल तक पहुंच पाते थे, अब यह मार्ग भी बंद हो गया।
इनसेट
लोग बोले- स्थानीय निवासियों को आवागमन में दी जाए सहूलियत
- यातायात डायवर्जन का प्लान बनाने से पहले स्थानीय लोगों, व्यापारियों से भी राय ली जानी चाहिए। आधार कार्ड दिखाने पर स्थानीय लोगों को आवागमन में सहूलियत देनी चाहिए। कम से कम आपात स्थिति में तो सख्ती नहीं होनी चाहिए।
- पंकज गुप्ता, व्यापारी नेता
- गंभीर अवस्था में यदि किसी मरीज को श्रीराम अस्पताल चार पहिया या तिपहिया वाहन से जाना है तो उसके लिए अति गंभीर स्थिति हो जाएगी। श्रीराम अस्पताल तक पहुंचने का कोई विकल्प हीं नहीं बचा है। इस पर विचार करना चाहिए।
- संदीप गुप्ता
- प्रशासन का यातायात प्लान पूरी तरह से फेल साबित हो रहा है। सबसे ज्यादा परेशानी स्थानीय लोगों को हो रही है। कई मार्गाें पर बैरियर गिराए गए हैं। यहां तैनात पुलिस और यातायात कर्मी लोगों से अभद्र व्यवहार करते हैं।
- वैभव तिवारी
- आम दिनों में तो बंदिशें रहती ही हैं, वीआईपी आने पर स्थिति और भी खराब हो जाती है। जिनका घर आस-पास है उन्हें भी नहीं जाने दिया जाता। आधार कार्ड दिखाने पर भी पुलिसकर्मी नहीं मानते। स्थानीय निवासी कैद होकर रह गए हैं।
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-हर्ष गुप्ता, व्यापारी
वर्जन
जो भी व्यवस्थाएं की गई हैं वह लोगों की सहूलियत के लिए ही की गई हैं। रामपथ पर श्रद्धालुओं का दबाव रहता है, यहां वाहनों का जाम न लगे इसलिए डायवर्जन किए गए हैं। रेलवे स्टेशन मार्ग निर्माण कार्य के चलते बंद होने से थोड़ी समस्या बढ़ी है। लोगों की सुविधा का पूरा ध्यान रखा जाएगा, इसका समाधान निकाला जाएगा।
- एपी सिंह, एसपी ट्रैफिक
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