ऊमरसाना स्थित श्रीकृष्ण सरोज महाविद्यालय में मंगलवार शाम पाली में चल रही बीएससी प्रथम वर्ष की परीक्षा के अंतिम दिन एक छात्र से मोबाइल जमा कराने की कहना कक्ष निरीक्षकों को भारी पड़ गया। पहले तो छात्र कक्ष निरीक्षकों से भिड़ गया।
बाद में परिजनों ने महाविद्यालय पहुंचकर फायरिंग की। महाविद्यालय प्रशासन आरोपियों के खिलाफ मुकदमा पंजीकृत कराने की तैयारी में जुट गया है।
महाविद्यालय में मंगलवार शाम पाली में बीएससी प्रथम वर्ष की परीक्षा में गणित का चल रहा था। कक्ष निरीक्षक दिव्यांशु दीक्षित, अनुराग बाजपेई ने तलाशी के दौरान ग्राम ऊमरसाना निवासी एक छात्र से मोबाइल जमा करने को कहा। इस पर छात्र भड़क गया। पहले तो छात्र स्वयं ही कक्ष निरीक्षकों से भिड़ गया।
बाद में बाहर आकर उसने सत्ताधारी दल से जुड़े अपने पिता एवं परिजनों को फोन करके बुला लिया। थोड़ी ही देर में पहुंचे परिजनों ने टीचरों से अभद्रता करते हुए मारपीट कर दी। कुछ टीचर दौड़कर कमरे में घुस गए तो वहां पर भी आरोपियों ने दरवाजा तोड़ने का प्रयास किया।
लिपिक सुशील शुक्ला व केंद्राध्यक्ष आशीष त्रिपाठी को मारापीटा। आरोपी छात्र के पिता ने फायरिंग की। सूचना पर बबीना चौकी इंचार्ज मौके पर पहुंच गए। बताते हैं कि आरोपी पुलिस बल के सामने भी उत्पात मचाते रहे। थानाध्यक्ष विक्रमाजीत सिंह पहुंचे, लेकिन उनके के सामने भी आरोपियों ने फायरिंग की।
आरोपी छात्र का पिता दिबियापुर थाने में महाविद्यालय प्रशासन के खिलाफ ही मुकदमा पंजीकृत कराने पहुंच गया। हालांकि थाना पुलिस की मंशा भांपकर वह उल्टे पैरों वापस लौट गया। आज की घटना से महाविद्यालय के टीचर खासे भयभीत हैं।
सीओ रमेश भारतीय का कहना है कि आरोपी सत्ता पक्ष से ही क्यों न जुड़ा हो। किसी भी कीमत पर बख्शा नहीं जाएगा। देर शाम समाचार लिखे जाने तक मामला पंजीकृत नहीं हुआ है।
भयभीत महाविद्यालय के टीचर एवं कक्ष निरीक्षक परीथार्थियों से प्राप्त उत्तर पुस्तिकाओं को लेकर थाने में जमे हैं। आरोपियों के खिलाफ तहरीर देने की तैयारी कर रहे हैं।