औरैया। कोचिंग से लौट रही छात्रा के साथ छेड़छाड़ करने के मामले में विशेष न्यायाधीश (पॉक्सो अधिनियम) की अदालत ने साजिद और शादाब को दोषी करार दिया।
दोनों भाइयों को कोर्ट ने पॉक्सो एक्ट में चार-चार साल की सजा सुनाई है। वहीं छेड़छाड़ में तीन साल की कैद सुनाई। चश्मदीद की गवाही के चलते दोषी को सजा मिल सकी। सजा सुनाए जाने के बाद दोषियों को जेल भेज दिया गया।
वारदात 27 नवंबर 2020 की है। तिलक नगर एक कोचिंग से घर लौट रही नाबालिग छात्रा को रास्ते में मोहल्ला दयालपुर निवासी साजिद और उसके भाई शादाब ने बाइक से आकर जबरन रोक लिया और छेड़छाड़ की। मंगलवार को मामले की सुनवाई की गई। पीड़िता ने अपने बयानों में छेड़छाड़ की पुष्टि की थी। हालांकि, अदालत ने गाली-गलौज और धमकी के आरोपों से आरोपियों को दोषमुक्त कर दिया।
अभियोजन के अनुसार कोर्ट में सुनवाई के दौरान वादी व पीड़िता मुकर गए। इसके बाद चश्मदीदों गुड्डू और अजय की गवाही के आधार पर विशेष न्यायाधीश अखिलेश कुमार मिश्र की अदालत ने दोनों दोषियों को पॉक्सो अधिनियम तहत चार-चार साल की सश्रम कारावास की सजा दी। 10-10 हजार रुपये का अर्थदंड भी लगाया।
इसके अलावा छेड़छाड़ के मामले में दोनों को तीन-तीन साल की सजा और पांच-पांच हजार रुपये का अर्थदंड सुनाया। अदालत ने स्पष्ट किया कि सभी सजाएं साथ-साथ चलेंगी। साथ ही, अर्थदंड की राशि में से 50 प्रतिशत हिस्सा पीड़िता को लिए दिए जाने का आदेश दिया गया है।