फफूंद। प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र स्थित डॉट सेंटर शनिवार को बंद रहा। इससे 10 अधिक मरीज बिना इलाज के लौट गए। अधिकारी मामले की जांच कर कार्रवाई की बात कह रहे हैं।
सरकार 2025 तक भारत को टीबी मुक्त कराने का लक्ष्य लेकर कई योजनाएं चला रही है। वहीं, जिले के क्षय रोगियों को दवाएं उपलब्ध नहीं हो पाने के कारण उनकी परेशानी और बढ़ रही है। शनिवार को डॉट्स सेंटर पर दिबियापुर सीएचसी के लैब टेक्नीशियन की ड्यूटी थी।
मगर डॉट्स सेंटर नहीं खुला, जिससे सेंटर पर आए सिम्हारा, कोठीपुर व फफूृंद के 10 से अधिक क्षय रोगियों को परेशानी का सामना करना पड़ा। उनके पास दवाएं भी नहीं है।
दवा लेने आए यतींद्र, दीपांशू व ब्रज बिहारी ने बताया कि दवा खत्म होने पर वह डॉट्स सेंटर आए थे, लेकिन यहां पर ताला लगा होने के कारण दवाएं नहीं मिली।
सीएमओ डॉ. अर्चना श्रीवास्तव ने मामला दिखाने की बात कहकर पल्ला झाड़ लिया