अयाना। अजीतमल कोतवाली के कस्बा जाना में 20 साल से घर के बाहर रखे ताजिये को कुछ लोग जुलूस निकालकर कर्बला ले गए। इससे वहां अन्य ताजियादारों के साथ विवाद की स्थिति बन गई।
उच्चाधिकारियों के दखल के बाद ताजिये का मिलाप करवाया गया। मामले में कर्बला पर ड्यूटी पर तैनात दरोगा ने 30 लोगों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई है।
कस्बा जाना से निकालने वाला ताजिया का जुलूस करीब 20 साल से बंद था। ताजियादार अपने घर के बाहर ही ताजिया रखकर रस्म अदा करते थे। रविवार को ताजियादार व उनके साथियों ने बिना अनुमति के जुलूस निकालकर ताजिया कर्बला में रख दिया।
इससे वहां अन्य ताजियादारों से ताजिया का मिलाप करवाने को लेकर तनाव की स्थिति बन गई। जानकारी पर जिलाधिकारी डॉ. इंद्रमणि त्रिपाठी, एसपी अभिजित आर शंकर, अयाना, फफूंद, औरैया कोतवाली का फोर्स लेकर मौके पर पहुंचे और ताजियादारों को समझाकर ताजिया का मिलाप करवाकर लोगों को शांत करवाया।
उधर, मामले में ड्यूटी पर तैनात एसआई संजीव कुमार ने देर रात को अजीतमल कोतवाली में रिपोर्ट दर्ज कराई है। बताया कि कस्बा जाना निवासी सलाउद्दीन फौजी के घर के बाहर रखा रहने वाला ताजिया उन्होंने अपने साथियों के साथ कर्बला में रख दिया।
ताजिया के पास करीब 15 महिलाएं मौजूद थीं। पूछताछ में उन्होंने बताया कि ताजिया सलाउद्दीन व उसके 30 साथी नए रूट से कर्बला में लाए थे। इस पर पठान लोगों ने आपत्ति जाहिर की है।
बताया कि फौजी सलाउद्दीन ने नए रूट से जुलूस निकाल कर नई परंपरा को जन्म दिया है। अजीतमल कोतवाल ललितेश त्रिपाठी ने बताया कि एसआई की तहरीर पर 30 लोगों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की गई है। 20 लोगों को गिरफ्तार कर न्यायालय भेजा गया है।