बिधूना। ब्लाक क्षेत्र में करीब 2.34 करोड़ रुपये की लागत से बने 52 सामुदायिक शौचालय को बनाने में ठेकेदार ने खेल कर दिया। इन शौचालयों की बाहर तो रंगाई-पुताई करा दी लेकिन अंदर अधूरे छोड़ दिए। काम पूरा न होने के कारण इन्हें प्रधानों को हैंडओवर भी नहीं किया जा सका। अधूरे होने के बाद भी कुछ शौचालयों का भुगतान ठेकेदार को कर दिया गया। एक शौचालय पर औसतन करीब साढ़े चार लाख रुपये का बजट खर्च किए गए हैं।
ग्राम पंचायत भिखरा, कल्यानपुर जागू, पुसौली समेत 52 ग्राम पंचायतों में वर्ष 2020-21 के बजट से सामुदायिक शौचालय को निर्माण कराया गया। ठेकेदार ने बाहर से रंगाई पुताई करके शौचालय को अंदर अधूरा छोड़ दिया। किसी शौचालय में सीट नहीं लगी तो कहीं फर्श, बिजली और वाटर लाइन का काम अधूरा पड़ा है। इसके बाद भी ठेकेदार ने इनका निर्माण कार्य करीब सात माह पहले पूर्ण दिखा दिया।
ब्लाक अधिकारियों की ओर से भी इनकी जियो टैगिंग करके काम पूरा होने की रिपोर्ट शासन को भेज दी। कुछ जगहों पर तो इन शौचालयों के संचालन के लिए समूहों को जिम्मेदारियां भी सौंप दी गईं। लेकिन अधूरे होने के कारण शौचालयों का संचालन शुरू नहीं हो सका।
ग्राम पंचायत भिखरा के ग्रामीणों ने बताया कि अभी तक गेट और पानी की पूरी व्यवस्था नहीं हुई। सिर्फ दिखाने के लिए शौचालय की रंगाई-पुताई करके काम को पूरा दिखा दिया गया। भिखरा प्रधान चिंतावती के पति बृजेश कुमार ने बताया कि अभी शौचालय अधूरे हैं, इसलिए पंचायत को हैंडओवर नहीं किया गया है।
इसी तरह, ग्राम पंचायत कल्यानपुर जागू के ग्रामीणों ने बताया कि उनके यहां तो एक साल पहले शौचालय बन गया था। लेकिन काम अभी भी अधूरा है। काम इतना घटिया हुआ कि शौचालय के अंदर फर्श ही धंस गई। यहां के प्रधान पति बल्देव ने बताया कि शौचालय अभी सचिव ने पूरा नहीं कराया है। इसलिए चालू नहीं हो सका है।
इनसेट...
गांव से एक किमी दूर बना दिया शौचालय
ब्लॉक पंचायत पुसौली में तो सामुदायिक शौचालय गांव से करीब एक किमी दूर बना दिया गया। अभी तक शौचालय के अंदर न तो प्लास्टर हुआ है और न ही वाटर लाइन की फिटिंग हुई है। सिर्फ इमारत ही बनाई गई है। शौचालय का निर्माण हुए करीब एक साल हो चुका है।
ग्रामीणों का कहना कि गांव से शौचालय को गांव से इतनी दूर क्यों बनाया गया, यह समझ से परे है। सचिव शिल्पी यादव ने बताया कि पंचायत का चार्ज उन्होंने बाद में लिया है। ठेकेदार को भुगतान किया जा चुका और अभी सामुदायिक शौचालय अधूरा पड़ा है। इसकी जानकारी उच्चधिकारियों दे गई है। अधिकारियों के निर्देश के आधार पर कार्य कराया जाएगा।