दिबियापुर। फफूंद रेलवे स्टेशन पर रुकने वाली सभी एक्सप्रेस ट्रेनों में यात्रा करने के लिए यात्रियों को गुरुवार से अनारक्षित टिकट मिलने शुरू हो गए। फरवरी माह में ट्रेनों में अनारक्षित टिकट पर यात्रा शुरू हो जाने के बावजूद कई ट्रेनों के अनारक्षित टिकट नहीं मिल रहे थे। इस समस्या को अमर उजाला ने 25 अप्रैल के अंक में प्रमुखता से प्रकाशित किया था।
कोरोना संक्रमण काल में फफूंद रेलवे स्टेशन पर रुकने वाली सभी ट्रेनें बंद हो गईं थीं। कोरोना संक्रमण कम होने पर ट्रेनों का संचालन विशेष ट्रेन के नाम के साथ शुरू हुआ। उस समय रेलवे ने केवल आरक्षित टिकट पर ही ट्रेनों में यात्रा करने की मंजूरी दी थी। धीरे-धीरे विशेष ट्रेन नंबरों पर संचालित होने वाली ट्रेनों के नंबर बदलकर पूर्ववत सामान्य ट्रेन नंबरों पर ट्रेनों का संचालन शुरू कर दिया गया।
कई ट्रेनों में अनारक्षित टिकट पर यात्रा की सुविधा भी शुरू कर दी गई लेकिन फफूंद में रुकने वाली दो ट्रेनों में रेलवे के नियम कुछ अलग थे। प्रयागराज से मेरठ सिटी तक जाने वाली 14163 अप संगम एक्सप्रेस में यात्रियों को अनारक्षित टिकट पर अनारक्षित कोच में यात्रा की अनुमति थी, लेकिन मेरठ सिटी से प्रयागराज लौटने वाले 14164 डाउन संगम एक्सप्रेस के लिए अनारक्षित टिकट नहीं मिलते थे।
यही हाल लखनऊ से आगरा के बीच चलने वाली इंटरसिटी सुपरफास्ट एक्सप्रेस का था। आगरा से लखनऊ जाने वाली 12180 डाउन इंटरसिटी एक्सप्रेस में अनारक्षित टिकट मिलते थे, लेकिन लखनऊ से आगरा जाते समय 12179 अप इंटरसिटी एक्सप्रेस में यात्रियों को अनारक्षित टिकट नहीं मिलते। यहां रुकने वाली 12311 अप एवं 12312 डाउन नेताजी एक्सप्रेस, 15483 अप एवं 15484 डाउन महानंदा एक्सप्रेस, अप एवं डाउन अवध एक्सप्रेस में भी अनारक्षित टिकट नहीं मिलते थे।
गुरुवार से सभी एक्सप्रेस ट्रेनों के लिए फफूंद से अनारक्षित टिकट मिलने शुरू हो गए। इससे यात्रियों ने खुशी जाहिर की। दरअसल आरक्षित टिकट के लिए एक दिन पहले यात्रियों को आरक्षण कराना आवश्यक था। इससे यात्रियों को परेशानी होती थी। उत्तर मध्य रेलवे प्रयागराज के पीआरओ अमित सिंह ने बताया कि गुरुवार से लागू नए नियम के अनुसार यात्री किसी भी समय जाकर अनारक्षित टिकट ले सकता है। जनरल टिकट की बिक्री पूर्व की तरह सामान्य कर दी गई है।