औरैया। एक विचित्र पहल सेवा समिति के द्वारा शुक्रवार शाम फूलमती मंदिर के पीछे स्थित क्रॉनिक अकादमी में विश्व तंबाकू निषेध दिवस पर गोष्ठी का आयोजन किया गया। समिति के संस्थापक आनंद नाथ गुप्ता ने बताया कि देश की लगभग 28 फीसदी से अधिक आबादी धूम्रपान के अलावा गुटखा, खैनी व पान मसाले की चपेट में है।
बताया कि तंबाकू की लगभग 70 प्रजातियां है। इसमें निकोटीन आदि लगभग 60 तरह के विषैले तत्व पाए जाते हैं। कैंसर जैसी जानलेवा बीमारियों को बढ़ावा देने में तंबाकू का प्रभाव सबसे आगे है। तंबाकू का सेवन करने से कोलेस्ट्रोल की मात्रा बढ़ने पर उच्च रक्तचाप की समस्या बढ़ जाती है।
इससे मुंह व फेफड़ों में कैंसर आदि संबंधित तमाम बीमारियों के कारण पूरी दुनिया में प्रतिवर्ष लगभग 80 लाख जबकि भारत में लगभग 13 लाख लोग काल के गाल में समा जाते हैं। कार्यक्रम संयोजक कपिल गुप्ता व मौजूद लोगों ने स्वयं व्यसन न करने तथा तंबाकू व धूम्रपान करने वाले लोगों को नशे के दुष्परिणामों को दृष्टिगत रखते हुए उनको जागरूक करने की शपथ ली। गोष्ठी में मनोज कुमार गुप्ता, व्यापारी नेता नीरज पोरवाल, देवेंद्र आर्य, राजीव पोरवाल आदि लोग मौजूद रहे।