फफूंद (औरैया)। फफूंद थाना क्षेत्र के एक गांव में रविवार की रात एक वृद्धा ने फांसी लगाकर जान दे दी। वृद्धा अपने परिवार की नत बहू के साथ रहती थी। दस वर्ष पहले उसके पति की मृत्यु हो चुकी है। मृतका के कोई संतान नहीं थी।
थाना क्षेत्र के गांव केशमपुर में स्व. बाबूराम की 65 वर्षीय पत्नी प्रेमा देवी अपने परिवार की नत बहू ज्योति के साथ रहती थी। ज्योति का पति दिल्ली में नौकरी करता है। रविवार की शाम ज्योति अपनी रिश्तेदारी में गांव फकीरे पुरवा में तेरहवीं संस्कार में शामिल होने गई थी। घर पर प्रेमा देवी अकेली थी। रात किसी समय अज्ञात कारणों से उसने घर के बरामदे की बीम में फंदा बनाकर फांसी लगा ली। सोमवार को सुबह देर तक घर के दरवाजा न खुलने पर पड़ोसी महिलाओं ने अपनी छत से जाकर देखा तो प्रेमा देवी फांसी के फंदे पर लटकी हुई थी और उसकी मृत्यु हो चुकी थी। ग्रामीणों की सूचना पर पहुंची पुलिस ने शव को फंदे से उतारा। सूचना पर मृतका की नत बहू व अन्य रिश्तेदार भी गांव पहुंच गए और कोहराम मच गया। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है।