08एयूआरपी4 - पिता का शव देखते ही रोने लगा बेटा।
- फोटो : AURAIYA
अयाना(औरैया) नहर में बहकर आए शव की शिनाख्त इटावा निवासी सिक्योरिटी गार्ड के रूप में हुई है। अखबार में छपी खबर पढ़कर आए वीरेंद्र ने बताया कि वह पिता ओमप्रकाश हैं।
अयाना थाने की पुलिस ने मंगलवार को नहर से एक शव निकाला गया था। बुधवार की सुबह अमर उजाला में छपी खबर पढ़ने के बाद इटावा के सिविल लाइन थाना के नगला बाबा निवासी वीरेंद्र कुमार ने अयाना थाने में संपर्क किया और पिता ओमप्रकाश के रूप में शिनाख्त की।
वीरेंद्र ने बताया कि थाना फ्रेंड्स कॉलोनी इटावा में पिता की गुमशुदगी दर्ज कराई थी। वह सुरक्षा गार्ड थे। पांच तारीख की शाम को पीयूष गुप्ता आयरन स्टोर पर ड्यूटी में गए थे। छह तारीख की सुबह घर नहीं पहुंचने पर आयरन स्टोर पर फोनकर कर पूछा। उन्होंने बताया वह तो घर चले गए हैं। काफी खोजबीन के बाद भी न मिलने पर थाने में गुमशुदगी दर्ज कराई थी।
पिताजी के नाम 15 बीघा जमीन है। उन्हें पांच हजार रुपये महीने आयरन स्टोर से मिलते थे। ओम प्रकाश के दो बेटे और तीन बेटियां हैं। बेटियों की शादी हो चुकी है। ध्रुव सिंह घर पर खेती करता है। वीरेंद्र वेयरहाउस में भरथना संविदा पर नौकरी करता है।