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Auraiya News: 22 साल से बंद पड़ी बीहड़ की सेंगनपुर समिति पर पहुंची खाद

Fri, 18 Sep 2026 12:22 AM IST
कानपुर ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, औरैया
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सेंगनपुर सहकारी समिति के संचालन को लेकर स्थानीय किसानों के साथ मौजूद एआर कॉपरेटिव संजीव कुमार।
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औरैया। किसानों की मददगार सहकारी समितियां जिले के बीहड़ क्षेत्र में सालों से बंद पड़ी हैं। घाटे में गई इन समितियों को सहकारिता विभाग नई स्कीम के तहत उबार रहा है। इस कड़ी में बीहड़ के सेंगनपुर में पिछले 22 साल से बंद पड़ी समिति के ताले अब खुल गए हैं। विभाग की संजीदगी से अब यहां खाद की खेप पहुंची है। इस समिति के दायरे में आने वाले चार गांवों के करीब एक हजार किसानों को अब अजीतमल समेत अन्य कस्बों के चक्कर खाद के लिए नहीं काटने पड़ेंगे।
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सेंगनपुर सहकारी समिति में सचिव पद पर जयराम की तैनाती की गई है। जिले में वर्तमान समय में 79 समितियां हैं। जिनमें से अयाना, बड़ेरा व सांफर बंद पड़ी हैं। घाटे में गई इन समितियों को खोलने का प्रयास लगातार किया जा रहा है। इस कड़ी में सेंगनपुर समिति का संचालन शुरू कराया गया है। यहां 300 बोरी खाद की खेप पहुंचाई गई है। वहीं अयाना समिति का भी संचालन अगले माह शुरू हो जाने की उम्मीद है।

विभागीय अधिकारियों के अनुसार बंद पड़ी समितियों का रजिस्ट्रेशन नए सिरे से कराया जा रहा है। वहीं बैंक से ऋण की लिमिट भी मुहैया कराई जा रही है। सहकारिता विभाग की ये समितियां बीहड़ से जुड़ी हुई हैं। जोकि बंद होने की वजह से स्थानीय किसानों के लिए कड़ी चुनौती पेश कर रही हैं।
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बीहड़ के किसानों को अजीतमल, मुरादगंज व औरैया तक की दौड़ खाद के लिए लगानी पड़ती है। अब सेंगनपुर समिति के संचालन से सेंगनपुर, एमा सेंगनपुर, अकबरपुर व रजपुरा के एक हजार किसानों को खाद की पर्याप्त उपलब्धता होगी। एक हजार किसान इस समिति से खाद ले सकेंगे।

वर्जन-

बंद पड़ी समितियों का संचालन शुरू कराना प्राथमिकता है। इसके लिए लगातार प्रयास किया जा रहा है। सेंगनपुर शुरू हो गई है। अयाना, बड़ेरा और सांफर का संचालन शुरू कराने के लिए प्रयास किया जा रहा है।-संजीव कुमार, एआर कॉपरेटिव
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