औरैया। जिला निर्वाचन अधिकारी डॉ. इंद्रमणि त्रिपाठी ने जूम मीटिंग के जरिए मंगलवार को अफसरों के साथ संवाद किया। इस दौरान आठ थानाध्यक्षों के जूम मीटिंग में न जुड़ने की वजह से कानून व्यवस्था को लेकर समीक्षा नहीं हो सकी। ऐसे में संबंधित थानाध्यक्षों से स्पष्टीकरण तलब किए गए हैं।
जिलाधिकारी ने विशेष गहन पुनरीक्षण कार्य की भी समीक्षा की। तहसीलवार अब तक किए गए कार्य का आंकलन करते हुए अफसरों को बूथ स्तर पर समीक्षा करने के निर्देश दिए। कहा कि जिस बूथ पर कार्य में शिथिलता हो रही है, वहां स्वयं पहुंचकर की जा रही गतिविधियों को दुरुस्त कराएं। तीन दिसंबर तक तक कार्य पूरा कर लिया जाए। उन्होंने डुप्लीकेट मतदाता की मैपिंग का भी कार्य पूरा किए जाने को कहा।
इससे पहले डीएम ने पूर्व में दिए गए निर्देशों के तहत प्रत्येक मंगलवार को थानावार कानून व्यवस्था सहित अन्य कार्यों की समीक्षा के लिए थानाध्यक्षों को जूम मीटिंग में जुड़ने के निर्देश दिए थे। दिबियापुर, एरवाकटरा, कुदरकोट व अयाना के थानाध्यक्षों के अलावा अन्य लोग जूम मीटिंग में नहीं जुड़े। इससे औरैया कोतवाली, अछल्दा, अजीमल, बेला, बिधूना, सहायल, सहार और फफूंद थानों की समीक्षा नहीं हो सकी। इस लापरवाही पर डीएम ने उनसे स्पष्टीकरण लिए जाने के निर्देश दिए। डीएम ने सभी एसडीएम से कहा कि वह अपने-अपने क्षेत्र में संचालित धान क्रय केंद्रों का निरीक्षण करें, ताकि किसानों को सरकारी क्रय केंद्रों पर उपज बिक्री में किसी तरह की समस्या का सामना न करना पड़े।