औरैया। ग्रामीण स्वास्थ्य सेवा को बेहतर बनाने के जिले में हेल्थ एंड वेलनेस सेंटर खोले गए हैं। इनमें कम्युनिटी हेल्थ आफीसर (सीएचओ) तैनात कर लाखों के उपकरण और दवाइयां मुहैया कराई गईं हैं। मगर बिजली कनेक्शन न हो पाने के कारण इनका संचालन ठीक से नहीं हो पा रहा है। कहीं ताले लटक रहे तो कहीं सीएचओ नहीं आ रहे हैं। यही कारण है कि न तो टेली मेडिसिन सेवा शुरू हुई और न ही यहां से लोगों को बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं मुहैया हो सकीं। दम तोड़ रही स्वास्थ्य सेवाओं को जिम्मेदार जल्द ही पटरी पर लाने का दम भर रहे हैं।
जिले में 82 हेल्थ एंड वेलनेस सेंटर हैं। इनमें से प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र स्तर पर 44 नए भवन बनाए गए हैं। जबकि 22 भवन निर्माणाधीन हैं। शेष 16 ऐसे सेंटर हैं जिन्हें एएनएम सेंटर से उच्चीकृत किया गया है। इन्हीं सेंटरों पर 82 सीएचओ की तैनाती की गई है। सरकार की मंशा है कि हेल्थ एंड वेलनेस सेंटर पर तैनात सीएचओ ग्रामीणों को बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं मुहैया कराएं, लेकिन अधिकांश सेंटरों पर बिजली के कनेक्शन न होने के कारण इनका संचालन ठीक तरह से नहीं हो पा रहा है।
भले ही कागजों में विभाग इनका संचालन दिखा रहा हो, पर हकीकत में कई जगह महीनों से न तो ताले खुले हैं और न ही सीएचओ पहुंच रहे हैं। यही कारण हैं कि लैपटॉप, कंप्यूटर, कुर्सी, मेजों के अलावा लाखों के उपकरण व दवाइयां कमरे में धूल फांक रही हैं। सीएमओ डॉ. अर्चना श्रीवास्तव ने कहा कि जहां पर बिजली की समस्या आ रही है, उनकी रिपोर्ट बनाकर बिजली विभाग के अधिकारियों को भेजी गई है। ऑनलाइन आवेदन करने की प्रक्रिया की जा रही है। सीएचओ को लैपटॉप मुहैया कराए गए हैं, उन्हें घर से चार्ज कर ले जाने के निर्देश हैं। फिर भी जिन सेंटरों पर सीएचओ नहीं पहुंच रहे या फिर टेली मेडिसिन सेवा में देने में दिक्कत आ रही है, उसे जल्द दूर किया जाएगा।
टेली मेडिसिन सेवा भी बाधित
हेल्थ एंड वेलनेस सेंटरों पर टेली मेडिसिन सेवा शुरू की गई है। इस सेवा से गांव के मरीजों को यहां तैनात सीएचओ ऑनलाइन विशेषज्ञ डाक्टरों से परामर्श दिलाकर दवा मुहैया कराएंगे। ऐसी सरकार की मंशा है, लेकिन हेल्थ एंड वेलनेस सेंटर समय से खुलते ही नहीं । यहां पर तैनात स्टाफ भी प्राथमिक व सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में उपस्थिति दर्ज करा लौट रहे हैं। इससे टेली मेडिसिन सेवा पूरी तरह से संचालित नहीं हो पा रही है। वहीं कुछ केंद्र पर लोग बिजली न होने का बहाना बना रहे हैं।
जांच के लिए किट और दवाइयां उपलब्ध
हेल्थ एंड वेलनेस सेंटरों पर पहुंचने वाले मरीजों की जांच व समय से बेहतर इलाज मुहैया हो, इसके लिए कई प्रकार की दवाइयों के साथ खून, मलेरिया, चिकनगुनिया आदि जांच की किट मुहैया कराई गई है। कुछ सेंटरों के न खुलने से यह दवाइयां और दिए गए उपकरण प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों पर पड़े धूल फांक रहे हैं।
प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र के कमरे में पड़ी दवाइयां व उपकरण। संवाद- फोटो : AURAIYA
हेल्थ एंड वेलनेस सेंटर के आईं कुर्सियां। संवाद- फोटो : AURAIYA
उमरैन में बना हेल्थ एंड वेलनेस सेंटर। संवाद- फोटो : AURAIYA