औरैया। सात साल से बंद पड़े ब्लड बैंक के शुरू होने की तैयारियों ने जोर पकड़ लिया है। सौ शय्या जिला अस्पताल से एक काउंसलर व दो एलटी (लैब टेक्नीशियन) को जिला संयुक्त अस्पताल के बंद पड़े ब्लड बैंक के लिए तैनात कर दिया गया है। साथ ही रायबरेली की पीएचसी के डॉक्टर को ब्लड बैंक में नए पैथोलॉजिस्ट पद के लिए भेजा जा रहा है।
मालूम हो कि बंद ब्लड बैंक के मुद्दे को अमर उजाला ने प्रमुखता से उठाया था। खबर का असर यह रहा कि अब इसके खुलने के आसार दिखने लगे हैं। बीते दिनों आयुक्त कानपुर मंडल ने भी औरैया में समीक्षा बैठक के बाद जल्द ही ब्लड बैंक खुलने के बाबत जानकारी दी थी।
सोमवार को ब्लड बैंक की खराब हो चुकी बिजली व्यवस्था को दुरुस्त करने का काम किया गया है। वहीं, सौ शय्या से एक जिला काउंसलर विनय कुमार मौर्य व दो लैब टेक्नीशियन अनुज पोरवाल, आकाश बघेल को ब्लड बैंक में तैनात किया गया है। दोनों ने सीएमएस के अंडर में कार्यभार संभाल लिया है। पैथोलॉजिस्ट की तैनाती के लिए शासन स्तर से तैयारी तेज कर दी गई है।
उप सचिव जेएल यादव ने रायबरेली के घुरैना, महाराजगंज की पीएचसी में तैनात डॉ. मुक्ताकर सिंह को नए पैथोलाजिस्ट के रूप में ब्लड बैंक में तैनाती के लिए पत्र भेजा है। अब उनके कार्यभार संभालते ही ब्लड बैंक की बची हुई कमियों को दूर कर दिया जाएगा। इससे जिले में बंद पड़े ब्लड बैंक की फिर से शुरूआत हो सकेगी। सीएमएस डॉ. लाखन सिंह ने बताया कि सौ शय्या से एक काउंसलर व दो लैब टेक्नीशियन ने ब्लड बैंक के लिए कार्यभार संभाल लिया है। साथ ही पैथोलॉजिस्ट के लिए जल्द ही नए डॉक्टर की तैनाती होने वाली है। उनके कार्य संभालने के बाद जिन मशीनों की कमी होगी, उन्हें शासन से मंगवाया जाएगा। इससे ब्लड बैंक की दोबारा शुरूआत हो सके।