अजीतमल। जयपुर से प्राइवेट बस में अपने गांव अजीतमल कोतवाली क्षेत्र मोहद्दीनपुर के लिए निकला एक युवक बीच रास्ते में जहरखुरानी का शिकार होकर बिहार के अरियारी पहुंच गया।
जहां होश आने पर पीड़ित ने परिजनों को फोन पर घटना की सूचना दी। परिजनों के निवेदन पर वहां के एक व्यक्ति ने युवक को अजीतमल पहुंचाया। जहां हालत बिगड़ने पर परिजनों ने रविवार को युवक को सीएचसी अजीतमल लेकर पहुंचे। जहां से डॉक्टरों ने उसे सैफई रेफर कर दिया।
मोहद्दीनपुर गांव निवासी उमा शंकर राजपूत (24) जयपुर के सांगानेर जिले में रहकर कई सालों से बर्फ बेंचने का कार्य करता है। वह पांच दिन पूर्व 30 मार्च को जयपुर से कृष्णा ट्रैवल्स की बस से घर के लिए निकला था।
रास्ते में एक युवक उसके पास आकर बैठ गया। बस के बालाजी पहुंचने पर साथ की सीट पर बैठे अज्ञात व्यक्ति ने उसे चाय पीने को दी। जैसे ही उसने चाय पी, वह बेहोश हो गया। इसके बाद उसे कुछ भी पता नहीं चला।
उमाशंकर ने बताया कि जहरखुरान उसकी जेब से 10 हजार रुपये नकद, सोने की अंगूठी तथा अन्य सामान ले गए हैं। बताया कि बस के अरिहारी बिहार पहुंचने पर उसे होश आया।
जहां उसने किसी तरह से परिजनों को फोन करके घटना की जानकारी दी। परिजनों ने वहां किसी व्यक्ति से संपर्क कर मदद लेते हुए उसके खाते में रुपये भेजे।
जिस पर संबंधित व्यक्ति ने मानवता का परिचय देते हुए उमाशंकर को रुपये देकर कानपुर जाने वाली प्राइवेट बस में बैठा दिया। रविवार सुबह वह अजीतमल पहुंचा।
उधर परिजनों ने बताया कि अजीतमल में उतरते ही फिर से उसकी तबियत बिगड़ गई, गनीमत ये रही कि तब तक वह लोग पहुंच चुके थे। उसे लेकर वह लोग सीएचसी पहुंचे। जहां से डॉक्टरों ने उसकी हालत गंभीर देख उसे सैफई रेफर कर दिया।