गजरौला (अमरोहा)। सोशल मीडिया पर भड़काऊ संदेश वायरल कर गजरौला बंद की अपील करने के मामले में पुलिस ने आठ के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कर गिरफ्तार कर लिया है। शुक्रवार को सोशल मीडिया पर भड़काऊ पोस्ट के बाद मजदूरों ने फैक्टरियों के बाहर प्रदर्शन किया था। पुलिस ने नामजद आरोपियों का चालान कर दिया है।
गजरौला थाने में तैनात दरोगा सुधीर कुमार तोमर की ओर से दर्ज कराई प्राथमिकी के मुताबिक कुछ व्यक्तियों द्वारा सोशल मीडिया के माध्यम से विभिन्न कंपनियों में कार्यरत मजदूरों को भड़काने का प्रयास किया गया। आरोपियों ने हमारा हक-हमारी पहचान जैसे भड़काऊ संदेश वायरल किया, जिसमें 17 अप्रैल को गजरौला बंद कर कंपनियों के गेट पर तालाबंदी और आंदोलन की अपील की गई थी।
वायरल संदेश में दावा किया गया कि गजरौला की फैक्टरियों में वर्षों से कार्यरत मजदूरों को उनका उचित वेतन नहीं मिल रहा है। साथ ही यह भी कहा गया कि जब तक सरकार द्वारा घोषित सैलरी लागू नहीं होती, तब तक आंदोलन जारी रहेगा। संदेश में मजदूर एकता जिंदाबाद जैसे नारे भी शामिल थे, जिससे श्रमिकों को एकजुट होने का आह्वान किया गया। इस प्रकार के संदेशों से श्रमिकों के बीच आक्रोश फैलने की आशंका थी।
प्रशासन ने जिले की 30 से अधिक बड़ी फैक्टरियों के बाहर भारी पुलिस बल तैनात कर दिया था। इसके बावजूद शुक्रवार को गजरौला स्थित यूएस फूड फैक्टरी के बाहर श्रमिकों ने प्रदर्शन किया और हाईवे जाम करने की भी कोशिश की थी। एसडीएम और सीओ ने स्थिति को संभालते हुए श्रमिकों से बातचीत की और उन्हें शांत कराया था। इस पूरे मामले में पुलिस ने मोहित त्यागी, गौतम सिंह, अंकुश, अरमान, सचिन, शिवम, मनीष और गगन शर्मा समेत आठ लोगों को हिरासत में ले लिया था।
एसपी लखन सिंह यादव ने बताया कि मामले में सभी आठ आरोपियों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कर गिरफ्तार कर लिया गया है। किसी भी प्रकार से कानून-व्यवस्था बिगाड़ने की कोशिश करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। सोशल मीडिया पर किसी भी भ्रामक या भड़काऊ संदेश को न फैलाएं और शांति बनाए रखने में प्रशासन का सहयोग करें।
सोशल मीडिया पर वायरल पोस्ट के बाद पुलिस अलर्ट
पिछले दिनों नोएडा में कम वेतन को लेकर श्रमिकों द्वारा किए गए उग्र प्रदर्शन के बाद पूरे प्रदेश में सतर्कता बढ़ा दी गई थी। प्रशासनिक स्तर पर अलर्ट जारी कर दिया गया। गजरौला को लेकर सोशल मीडिया पर वायरल पोस्ट ने प्रशासन को और अधिक चौकन्ना कर दिया है। फैक्टरियों के बाहर शनिवार को पुलिस पूरी तरह अलर्ट रही।
महिला श्रमिक से अभद्रता पर भड़का था आक्रोश
गजरौला के औद्योगिक क्षेत्र में हालिया श्रमिक नाराजगी के पीछे नया कारण सामने आया है। पुलिस की प्राथमिक जांच में सामने आया है कि फैक्टरी के बाहर एकत्र हुए श्रमिकों की कोई ठोस मांग नहीं थी, बल्कि एक महिला श्रमिक के साथ अभद्र व्यवहार ने माहौल को गर्म कर दिया। वेतन बढ़ाने को लेकर मजाकिया बातचीत के दौरान फैक्टरी के एक अधिकारी ने महिला कर्मचारी से अभद्रता कर दी थी, जिससे अन्य श्रमिक आक्रोशित हो गए और विरोध में बाहर निकल आए। एसपी लखन सिंह ने बताया कि अभी तक महिला श्रमिक की ओर से कोई शिकायत दर्ज नहीं कराई गई है, लेकिन मामले को गंभीरता से लेते हुए जांच जारी है। उन्होंने कहा कि यदि पीड़िता शिकायत दर्ज कराती है तो फैक्टरी के संबंधित अधिकारी के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।