देश भर में चलाए जा रहे स्वच्छता अभियान के बावजूद भी अभी तमाम पंचायतों में ‘टॉयलेट’ नहीं बनाए जा सके हैं। वहीं, महिलाओं समेत तमाम लोग अब खुले में शौच से मुक्ति पाना चाहते हैं। इसको लेकर नीलीखेड़ी की महिलाओं ने तहसील में प्रदर्शन कर सरकार से टॉयलेट बनाने की मांग की है। महिलाओं ने बताया कि, गांव में मात्र 10 फीसदी परिवार में ही शौचालय हैं। इससे ज्यादातर लोगों को परेशानी हो रही है।
विकास खंड की ग्राम पंचायत नीलीखेड़ी की आबादी लगभग 1500 है। यहां तकरीबन 300 परिवार रहते हैं। बताया कि गांव में मात्र 30-35 परिवारों में ही शौचालय की सुविधा है, शेष परिवारों खुले में नित्यक्रिया करनी पड़ती है। तहसील में प्रदर्शन करने आई महिलाओं का कहना था कि अब ग्रामीण अपने खेतों में नित्यक्रिया से रोकते हैं।
महिलाओं का कहना है कि इस संबंध में कई बार ग्राम प्रधान व सचिव से अनुरोध किया जा चुका है। लेकिन कोई सुनवाई नहीं हुई है। महिलाओं ने गांव में सार्वजनिक शौचालय बनाए जाने की गुहार लगाई है। तहसीलदार ने बीडीओ को इस संबंध में निर्देशित किया है। प्रदर्शन करने वालों में रामकली, विद्यावती, सुप्रिया, दुलारी, कांता, आशा, सविता, प्रेमवती, तारेश, शीला आदि मौजूद थी।
गांवों को खुले में शौचमुक्त कराना सरकार की प्राथमिकता में है। जो गरीब लोग हैं। उनको सरकारी योजना से रुपये दिलाए जाएंगे। साथ ही जो लोग सक्षम हैं, वे खुद शौचालय बनवाएं और प्रोत्साहित किया जाएगा।- वेदप्रकाश, डीएम, अमरोहा