मैदानी इलाकों के साथ ही पहाड़ों पर हो रही बरसात और बिजनौर बैराज से गंगा में 30 हजार 800 क्यूसेक पानी छोड़े जाने के कारण क्षेत्र में बाढ़ की स्थिति बनती जा रही है। गंगा किनारे निचले इलाकों में बाढ़ का पानी भरने लगा है।
मंगलवार को बिजनौर बैराज से गंगा में 30 हजार 800 क्यूसेक पानी छोड़ा गया। जिसके कारण क्षेत्र में गंगा कुछ उफान पर आ गई। गंगा किनारे निचले इलाकों में गंगा में आई बाढ़ का पानी भरने लगा। रविवार को तिगरी में गंगा का जल स्तर था। सोमवार को 29 हजार क्यूसेक पानी छोड़ा गया था। जिसके कारण गंगा का जल स्तर कुछ बढ़ने के कारण निचले इलाकों के खेतों में बाढ़ का पानी भरने लगा। मंगलवार को 30 हजार 800 क्यूसेक पानी छोड़े जाने केकारण खादर के ग्रामीणों की मुश्किलें बढ़ गई हैं। कारण जल्द पानी भर जाने से फसलों की वृद्धि रुक जाती है। चारा, मक्का और मेंथा की फसलों में बाढ़ का पानी भर जाने के कारण नष्ट हो जाती हैं। बाढ़ खंड के एसडीओ रामलाल सिंह ने बताया कि गंगा में पानी बढ़ गया है, लेकिन अभी बाढ़ की हालत नहीं है।