क्षेत्र के गांव सैरकपुर के पास तेंदुओं की चहलकदमी से ग्रामीणों में भय है। ग्रामीणों का दावा है कि उन्होंने दो तेंदुओं को ग्राम देहराकादर बख्श तक खेतों में घूमता देखा है। बीते तीन दिन में तेंदुए एक गाय को अपना निवाला बनाने का प्रयास कर चुके हैं। बाग में गई एक महिला पर भी झपट्टा मारने का प्रयास किया गया। ग्रामीणों के शोर मचाने पर तेंदुए खेतों में छिप गए। ग्रामीणों ने वन विभाग से तेंदुओं को पकड़े जाने की मांग की है।
ग्राम सैरकपुर निवासी व बार एसोसिएशन के पूर्व महासचिव मदनसैन यादव ने बताया कि बीते रविवार को उनके बाग में एक तेंदुए ने गाय को अपना निवाला बनाने का प्रयास किया। मौके पर मौजूद लोगों ने तेंदुए की गुर्राहट की आवाज सुनकर गाय को बचाया। तेंदुआ भागकर खेत में छुप गया। उसी दिन गांव मंढैया निवासी भारत सिंह की पुत्रवधू पर तेंदुए ने हमले का प्रयास किया। खेतों में काम कर रहे ग्रामीणों ने शोर मचाकर तेंदुए को दौड़ाया।
ग्रामीणों का कहना है कि दो तेंदुए दो किलोमीटर के दायरे में ही घूमकर अपना भोजन तलाश कर रहे हैं। तेंदुओं के डर से ग्रामीण समूह में खेतों पर जा रहे हैं। उन्होंने वन विभाग से तेंदुओं को पकड़े जाने की मांग की है। दूसरी ओर वन क्षेत्राधिकारी करन सिंह का कहना है कि उनके संज्ञान में ऐसा कोई मामला नहीं आया है। वैसे भी यह इलाका सेंचुरी क्षेत्र में आता है।