An interesting story of samajwadi party symbol bicycle
कैबिनेट मंत्री महबूब अली के नामांकन से पहले सपाईयों ने जमकर जश्न मनाया। प्रशासनिक और पुलिस अधिकारियों के सामने ही आचार संहिता की जमकर धज्जियां उड़ाईं। ढोल नंगाड़े बजाकर डांस किया और खूब नोट बरसाए। मुंह में 500 और 2000 के नोट दबाकर थिरकते दिखे। आदर्श आचार संहिता का पाठ पढ़ाने वाले अधिकारी और वर्दीधारी मूकदर्शक बनकर खड़े रहे। किसी ने रोकने व टोकने को जहमत नहीं उठाई।
मंगलवार को नगर के टाउन हॉल का नजारा अलग ही दिखा। यहां पर कैबिनेट मंत्री के नामांकन से पहले सभा रखी गई। कार्यकर्ताओं व समर्थकों को आदर्श आचार संहिता का जरा भी ख्याल नहीं आया। टाउन हॉल गेट के बाहर सपाइयों ने आचार संहिता के सभी नियम व कानून तोड़ डाले। यहां पर सपा कार्यकर्ताओं द्वारा ढोल नंगाड़े बजाए गए और डांस किया गया।
इतना ही नहीं कार्यकर्ताओं ने डांस कर रहे युवकों पर नोटों की बरसात की, जिन्हें उठाने के लिए एकदम लोग टूट पड़े। रही सही कसर समर्थकों व कार्यकर्ताओं ने मुंह में 500 व 2000 के नोट दबाकर पूरी कर दी। मुंह में नोट और हाथों में ढोल था। ताज्जुब की बात ये है कि यहां पर प्रशासन द्वारा गठित किया गया उड़नदस्ता, पुलिस फोर्स मौजूद थी, लेकिन उनको रोकने के लिए किसी ने प्रयास नहीं किया।
इसी दरम्यान कैबिनेट मंत्री के भाई महमूद अली भूरा भी ढोल बजाने वालों को रुपये बांटते हुए कैमरे में कैद हुए। मामला सुर्खियों में आने के बाद अफसर हरकत में आए। जब तक वहां पहुंचे तब तक सबकुछ शांत हो गया था। इस दौरान शहर में जाम का आलम रहा लोग परेश्ाान रहे।