गजरौला। शहवाजपुर डोर के निकट बस में जलकर मरी महिला की पुलिस पहचान कराने में नाकाम रही। मोर्चरी पर शव रखने के 72 घंटे हो जाने पर पुलिस ने मृतका का दाह संस्कार करा दिया। मृतक के नाखून और उसके सिर के बालों के सैंपल रखे हैं। ताकि परिजन आकर पहचान कर लें।
बीते बृहस्पतिवार की देर शाम थाना क्षेत्र में दिल दहलाने वाला हादसा हुआ था। दिल्ली से आ रही गढ़मुक्तेश्वर डिपो की बस शहवाजपुर डोर के निकट आग लगने के बाद खाई में पलट गई थी। बस सवार एक महिला की जलकर मौत हो गई थी। मगर उसकी पहचान नहीं हो सकी थी। पुलिस ने शिनाख्त कराने की काफी कोशिश की। पड़ोसी जिलों की पुलिस से भी संपर्क किया। मगर सफलता हाथ नहीं लगी। मोर्चरी पर शव रखे रविवार को 72 घंटे हो गए। जिसके चलते पुलिस ने अमरोहा में उसका दाह संस्कार करा दिया। घटना की विवेचना कर रहे उपनिरीक्षक योगेंद्र कुमार ने बताया कि मृतका की पहचान नहीं हो सकी है। उसका अंतिम संस्कार करा दिया गया है। पहचान के लिए उसके नाखून और बालों को सैंपल के रूप में रखा गया है। जिससे आकर परिजन पहचान लें।