अमरोहा। किसान महापंचायत के स्थल को लेकर गतिरोध आखिरकार मंगलवार को खत्म हो गया। प्रशासन और पुलिस के साथ भाकियू नेताओं की बैठक हुई। लगभग एक घंटे तक हुई बातचीत के बाद किसान नेताओं ने पुलिस लाइन की भूमि पर महापंचायत नहीं करने का एलान किया। इसके बाद प्रशासन और पुलिस ने राहत की सांस ली। किसान नेताओं ने कहा कि सीएम योगी आदित्यनाथ के कार्यक्रम स्थल के सामने की जमीन पर महा पंचायत करेंगे। इसके साथ ही चार गुना किसान भी शामिल होंगे। इसके बाद किसान नेताओं ने महापंचायत स्थल का मुआयना किया।
राष्ट्रीय उपाध्यक्ष विजय पाल सिंह के पुत्र दानवीर सिंह और जिलाध्यक्ष रामपाल सिंह की अगुवाई में किसान नेताओं का प्रतिनिधिमंडल मंगलवार को पुलिस कार्यालय में पहुंचा। यहां पर उन्होंने डीएम बालकृष्ण त्रिपाठी और पुलिस अधीक्षक पूनम के साथ बातचीत शुरू हुई। किसानों ने कहा कि सीएम योगी आदित्यनाथ के कार्यक्रम स्थल पर महापंचायत होगी। हालांकि इस मसले पर अफसर पशोपेश में आ गए। भाकियू के सवालों के आगे निरुत्तर हो गए। इसके बाद भाकियू नेताओं ने रणनीति में बदलाव कर दिया।
किसान नेताओं पर भाजपा पर राजनीति करने का आरोप लगाया। किसानों ने कहा कि सीएम योगी आदित्यनाथ के कार्यक्रम स्थल के सामने की भूमि पर महापंचायत करेंगे। किसानों ने कहा कि हमारी मंशा यह है कि जिले के प्रशासनिक या पुलिस अधिकारी के खिलाफ कार्रवाई न हो। हालांकि इसका जवाब सीएम योगी आदित्यनाथ को जरूर देंगे वह भी उनकी भीड़ से चार गुना किसानों के हुजूम को शामिल कराने के बाद। इस दौरान आलोक, सुुुभाष, नरेंद्र, जयपाल सिंह, मोहम्मद उमर, अशोक, चंद्रपाल आदि रहे।
प्रशासन-पुलिस पर भाजपा और सरकार का दबाव है। इसके चलते यह निर्णय लिया गया है कि पुलिस लाइन के मैदान के ठीक सामने जोई के मैदान में किसान महापंचायत करेंगे, जिस मैदान में सीएम योगी आदित्यनाथ की रैली हुई थी वहां पर किसान कदम भी नही रखेंगे। अब वह मैदान भाजपा का मैदान हो गया है।
दानवीर सिंह, सदस्य, राष्ट्रीय कार्यकारिणी समिति, भाकियू
किसानों के साथ वार्ता हुई है। मामले में सहमति बनाने का प्रयास किया जा रहा है। किसान नेताओं ने जोई के मैदान में महापंचायत के आयोजन की बात कही है।
बालकृष्ण त्रिपाठी, डीएम