अंजुमन रजाकाराने हुसैनी के पदाधिकारियों ने मोहर्रम के जुलूस रूट का निरीक्षण कर सड़क, पुलिया और जर्जर बिजली तारों को सही कराने के लिए संबंधित अधिकारियों से बातचीत करने को कहा।
कोरोना के चलते दो साल से मोहर्रम के जुलूस नहीं निकले थे। कोरोना की पाबंदियां खत्म होने पर इस साल जुलूस बरामद होने की उम्मीद है। शहर में 2 अगस्त को मोहर्रम का पहला जुलूस निकलेगा जबकि यौमे आशूरा 9 अगस्त को होगा। बुधवार को अंजुमन रजाकाराने हुसैनी के जरनल सेकेट्री खुर्शीद हैदर जैदी ने पदाधिकारियों के साथ मोहर्रम जुलूस के रूट का निरीक्षण किया। कई स्थानों पर जर्जर सड़क व खस्ताहाल पुलिया के अलावा नीचे लटके बिजली, डिश व इंटरनेट के तारों को चिन्हित किया।
जनरल सेक्रेट्री खुर्शीद हैदर जैदी ने बताया कि जुलूस रूट पर सभी व्यवस्थाएं दुरुस्त कराने के लिए संबंधित विभाग के जिम्मेदार अधिकारियों से वार्ता की जाएगी। ताकि जुलूस निकाले जाने से पूर्व सभी व्यवस्थाएं मुकम्मल की जा सकें। रूट निरीक्षण के दौरान अख्तर अब्बास, हुसैन हैदर, शाने मेहंदी, मोहम्मद तकी, चंदन नकवी, हैदर जिया, नजीर हैदर आदि मौजूद रहे।