हसनपुर (अमरोहा)। मेरठ से प्रयागराज तक जाने वाले गंगा एक्सप्रेसवे पर मुफ्त सफर की सेवा अब खत्म हो गई है। वाहन चालकों से शनिवार रात 12 बजे से टोल टैक्स लेना शुरू कर दिया गया है।
29 अप्रैल को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने हरदोई से इस महत्वाकांक्षी गंगा एक्सप्रेसवे परियोजना का लोकार्पण किया था। उस समय आम जनता को राहत देते हुए शुरुआती 15 दिनों तक गंगा एक्सप्रेसवे को टोल फ्री रखा गया था। इस अवधि में मेरठ, हापुड़, संभल, बदायूं और आसपास के जिलों से गुजरने वाले हजारों वाहन चालकों ने बिना किसी शुल्क के इस आधुनिक एक्सप्रेसवे का लाभ उठाया था। 16 दिन में करीब 60 हजार वाहन फ्री गुजरे। अब यह छूट समाप्त हो गई है।
आईआरबी और संबंधित टोल संचालन एजेंसियों ने टोल वसूलने की अपनी सभी तैयारियां कई दिन पहले ही पूरी कर ली थी। सभी टोल बूथों पर ट्रायल रन सफलतापूर्वक पूरा किया जा चुका है और सिस्टम को पूरी तरह सक्रिय कर दिया गया है। एक्सप्रेस-वे के रखरखाव, सुरक्षा और सुविधाओं को बेहतर बनाए रखने के लिए टोल वसूली आवश्यक है। टोल दरें वाहनों के प्रकार के अनुसार निर्धारित की गई हैं, जिनका भुगतान फास्टैग के माध्यम से किया जाएगा। यूपीडा के एक्सईएन राकेश मोगा ने बताया कि शनिवार रात 12 बजे से टोल सेवा शुरू हो गई है।