सोमवार को भारतीय किसान यूनियन शंकर के राष्ट्रीय अध्यक्ष दिवाकर सिंह के नेतृत्व में किसान कलक्ट्रेट पहुंचे। मांगों को लेकर धरने पर बैठक गए। किसानों ने कहा कि प्रशासनिक अधिकारियों व कर्मचारियों द्वारा किए जा रहे भ्रष्टाचार के कारण वह परेशान है। किसानों को योजनाओं का लाभ नहीं मिल पा रहा है। प्रदेश के 20 जनपदों में 956 प्रथमा यूपी ग्रामीण बैंक शाखाओं के द्वारा कई लाख किसान क्रेडिट कार्डों पर दूसरी बैंकों से तीन प्रतिशत ज्यादा ब्याज वसूला जा रहा है। इसे रोका जाए।
दो लाख तक के केसीसी पर एनईसी चार्ज लगाया जा रहा है व भूमि बंधक कराई जा रही है, जो कि नियम विरुद्ध है। वन नेशन-वन एजुकेशन की तर्ज पर सभी देशवासियों को एक समान शिक्षा दिलाई जाए। सीबीएसई पब्लिक स्कूलों में प्री नर्सरी से लेकर बारह की कक्षा तक कोर्स ,फीस, ड्रेस आदि के नाम पर छात्र-छात्राओं के साथ अभिभावकों का भी आर्थिक शोषण बंद किया जाए। किसान क्रेडिट कार्ड की लिमिट 5 लाख से बढ़ाकर 10 लाख रुपये करने व किसानों के बकाया गन्ना मूल्य का भुगतान मय ब्याज दिलाने सहित कई मांगों का पूरा करने की मांग उठाई।
समस्याओं का जल्द निस्तारण नहीं किया जाता है तो भाकियू शंकर व्यापक स्तर पर धरना-प्रदर्शन व आंदोलन को बाध्य होगी। इस दौरान चौधरी धर्मवीर सिंह, सत्यपाल सिंह, चौधरी सत्यवीर सिंह, रवि चौधरी, जगत सिंह चौहान, समरपाल सिंह सैनी आदि मौजूद रहे।