भारत फाइनेंशियल इंक्लूजन लिमिटेड (इंडसइंड बैंक) रिजर्व बैंक की शर्तों पर कार्य करती है। यह बैंक जरूरतमंदों को केवाईसी के आधार पर लोन मुहैया कराती है। जिसे किस्तों पर वसूलते हैं। शाखा प्रबंधक योगेश कुमार ने बताया कि अमरोहा नगर शाखा में बिजनौर जिले के बढ़ापुर निवासी आदित्य चौधरी तैनात था, जो ग्राहकों से वसूल गई किस्तों की रकम बैंक में जमा करता था। लेकिन, आदित्य ने अप्रैल में ग्राहकों से लोन के 3,39,989 लेकर अपने खाते में जमा कर लिए और इस धनराशि को बैंक के खाते में जमा नहीं किया।
बैंक की ऑडिट टीम ने जांच की तो मामला पकड़ में आया। 27 अप्रैल को आदित्य सैमसंग टैब और बायोमेट्रिक मशीन लेकर बैंक से नौकरी छोड़कर चला गया। उसे रुपये जमा करने के लिए नोटिस भी दिए गए। बावजूद इसके उसने रुपये जमा नहीं किए। सीओ सिटी अरुण कुमार ने बताया कि मामले में शाखा प्रबंधक की तहरीर पर आदित्य चौधरी के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की गई है।