बिजली उपभोक्ताओं को बृहस्पतिवार को दिन भर बिजली के दर्शन नहीं हुए। सुबह से शाम तक उपभोक्ताओं को सिर्फ एक घंटे ही बिजली आपूर्ति मिल सकी। जिससे उपभोक्ताओं को परेशानियों से जूझना पड़ा। बिजली कटौती को लेकर नागरिकों में आक्रोश व्याप्त है।
बता दें नगर के लिए 18 घंटे बिजली आपूर्ति का शेड्यूल है। जिसमें रात 12 से सुबह नौ बजे तक और दिन में 12 से रात नौ बजे तक आपूर्ति की जाती है। लेकिन कई दिन से नगर को शेड्यूल के अनुसार आपूर्ति नहीं मिल रही। बृहस्पतिवार को तो सुबह से ही बिजली गुल रही।
अपराह्न करीब साढ़े तीन बजे बिजली ने दर्शन दिये। वह भी करीब साढ़े चार बजे फिर से गुल हो गई। इसके बाद रात आठ बजे तक आपूर्ति नहीं मिल सकी। लोगों के घरों के बिजली उपकरण शोपीस बने रहे। बिजली से संबंधित कार्य करने वाले हाथ पर हाथ धरे बैठे रहे। नगर एसडीओ वीपी सिंह ने बताया कि 132 केवी बिजली घर पर कार्य चल रहा था। जिससे शटडाउन लेना पड़ा।
गंगेश्वरी ब्लॉक क्षेत्र में बिजली आपूर्ति व्यवस्था लड़खड़ा गई है। अघोषित कटौती तो जारी ही है, ट्रांसफार्मर आदि न बदले जाने से भी सप्लाई बाधित हो रही है। आठ दिन बाद भी जब रहरा का फुंका ट्रांसफार्मर नहीं बदला गया तो लोगों का गुस्सा फूट पड़ा। नाराज लोगों ने विभाग के खिलाफ जमकर नारेबाजी की।
ट्रांसफार्मर फुंकने से आठ दिन से गांव में बिजली आपूर्ति बाधित है। ग्रामीणों का कहना है कि, जेई अब्दुल सलाम से कई बार शिकायत की, लेकिन कोई सुनवाई नहीं हुई। इससे नाराज ग्रामीणों ने डीएम को शिकायती भेजा है। शिकायत करने वालों में शिवकुुमार शर्मा, मास्टर हेमराज त्यागी, राजू त्यागी, गोपाल त्यागी, निशा त्यागी, कमलेश सिंह आदि ग्रामीण मौजूद रहे। इसके अलावा प्रदर्शन कर नारेबाजी भी की।
वहीं हथियाखेड़ा के ग्रामीणों ने भी आरोप लगाया कि सात माह पूर्व गांव का ट्रांसफार्मर खराब हो गया था। शिकायत पर विभाग ट्रांसफार्मर को ठीक करने के लिए ले गया था। लेकिन दूसरा ट्रांसफार्मर अभी तक नहीं मिला है। कई बार ग्रामीणों ने शिकयत की। लेकिन बिजली विभाग सुनने को तैयार नहीं है।