अमरोहा। आंगनबाड़ी भर्ती प्रक्रिया के दौरान तथ्यों को छिपाकर कम आय का प्रमाण पत्र बनाने के मामले में आठ लेखपालाें पर निलंबन की गाज गिरी है। लेखपालो की मिलीभगत से कम आय का प्रमाण पत्र हासिल करने के बाद अपात्रों ने भर्ती प्रक्रिया में चयन का लाभ पाया था। डीएम ने मामलों की जांच कराने पर शिकायत सही पाए जाने पर संबंधित लेखपालों पर कार्रवाई के निर्देश दिए थे। जिसके बाद मंगलवार को आठ लेखपालों को निलंबित कर दिया गया है।
बाल विकास एवं महिला कल्याण विभाग द्वारा जिले में आंगनबाड़ी कार्यकर्ता पद के लिए 2024 में भर्ती निकाली गई थी। जिसमें 132 पदों के सापेक्ष बढ़ी संख्या में महिलाओं ने आवेदन किए थे। हाल ही में चयन प्रक्रिया के दौरान जब लिस्ट लगना शुरू हुई तो शिकायतों का अंबार लगना शुरू हो गया। डीएम कार्यालय व विकास भवन में रोजाना बड़ी संख्या में लोग शिकायतें लेकर पहुंचने लगे। इसमें सबसे अधिक शिकायते आय प्रमाण पत्र को लेकर रहीं थी। जिसमें कहा गया था कि तथ्यों को छिपाकर लेखपालों ने कम आय का प्रमाण पत्र बनाए जाने की संस्तुति की। जिससे भर्ती प्रक्रिया में पात्र आवेदकों को लाभ न मिलकर अपात्र आवेदक आय प्रमाण पत्र के सहारे आगे निकल गए। शिकायतों को गंभीरता से लेते हुए डीएम ने कई मामलों की जांच कराने के निर्देश दिए। जिसके बाद आठ आय प्रमाण पत्र ऐसे मिले जिसमें जानकारी व तथ्यों को छिपाकर उनको जारी किया गया था। जांच के दौरान लेखपालों की मिलीभगत का खेल सामने आने के बाद अपात्र पाए गए अमरोहा तहसील के पतेई खालसा निवासी रामप्रकाश, हसनपुर के जलालपुर खुर्द निवासी अमित कुमार, सांथलपुर निवासी खेमचंद, गांगटटोला निवासी रिंकू कुमार, पौरारा निवासी सोनू सिंह, फूलपुर बीझलपुर निवासी चरन सिंह, मंडी धनौरा के फंदेड़ी निवासी मोहम्मद फाजिल व लहदेवर निवासी गौरव कटारिया का आय प्रमाण पत्र निरस्त कर दिया गया। साथ ही डीएम ने इन सभी मामलों में दोषी लेखपालों के खिलाफ कार्रवाई का निर्देश दे दिए। जिसके बाद मंगलवार को सभी संबंधित लेखपालों के निलंबन आदेश जारी कर दिए गए।
इनका हुआ निलंबन
अमरोहा तहसील के पतेई खालसा के तत्कालीन लेखपाल विवेक कुमार, मंडी धनौरा के फंदेड़ी के लेखपाल धनराज यादव, हसनपुर तहसील के गांगटकोला के लेखपाल विवेक गौड़, सांथलपुर के लेखपाल दीपक चौधरी, पौरारा के लेखपाल सतीश कुमार, जलालपुर खुर्द के तत्कालीन लेखपाल चंद्रप्रकाश सैनी, फूलपुर बीझलपुर के तत्कालीन लेखपाल अनुज कुमार व फंदेड़ी के तत्कालीन लेखपाल शंकर सैनी को निलंबित किया गया है।
अपात्राें को कम आय का प्रमाण पत्र जारी करना गंभीर मामला है। शिकायतें मिलने के बाद जांच कराई गई थी। जिसमे लेखपालों की मिलीभगत सामने आई थी। ऐसे लेखपालों पर कार्रवाई के निर्देश संबंधित एसडीएम को दिए गए थे। जिसके बाद मंगलवार को आठ लेखपालों को निलंबित कर दिया गया है। भविष्य में भी इस तरह की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। - निधि गुप्ता वत्स, डीएम