गजरौला(अमरोहा)। ड्यूटी कर घर लौट रहे सुरक्षा गार्ड को पीछे से आई डीसीएम ने कुचल दिया। हादसे के बाद भागने की कोशिश कर रहे चालक को लोगों ने पीछा कर पकड़ लिया। सूचना पाकर पुलिस पहुंच गई। पुलिस ने डीसीएम कब्जे में ली। हादसे में सुरक्षा गार्ड की मौत की खबर उसके परिजनों को दी। बेटे की मौत से परिवार में कोहराम मच गया। पुलिस ने शव पोस्टमार्टम के लिए भेजा है।
बिजनौर के शिवाला कलां थाना क्षेत्र के रामपुर फीना गांव निवासी किसान राजपाल सिंह यादव का पुत्र नरेंद्र सिंह (37) सुरक्षा गार्ड था। वह गजरौला के लक्ष्मीनगर मोहल्ले में किराए पर कमरा लेकर एक कंपनी में ड्यूटी करता था। रात की ड्यूटी खत्म कर शुक्रवार की सुबह खत्म पैदल ही वह घर लौट रहा था। कंपनी से दो सौ मीटर दूर पहुंचा था। इसी दौरान पीछे से आई डीसीएम ने नरेंद्र सिंह को रौंद दिया। उसकी मौके पर ही मौत हो गई। मौका पाकर भाग रहे चालक को लोगों ने पीछा कर पकड़ लिया। हादसे की सूचना पाकर पुलिस मौके पर पहुंची। हादसे में सुरक्षा गार्ड की मौत की खबर उसके परिजनों को दी। दुखद खबर मिलते ही परिजनों में कोहराम मच गया। पुलिस ने शव को मोर्चरी पर रखवाया। बाद में शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा। डीसीएम को पुलिस ने कब्जे में ले ली है।
एसएसआई रमेश चंद्र सहरावत का कहना है कि डीसीएम की टक्कर से सुरक्षा गार्ड की मौत का मामला सामने आया है। डीसीएम को पकड़ लिया गया है। चालक के खिलाफ संबंधित धाराओं में केस दर्ज कर गिरफ्तार कर लिया है।
पहली पत्नी की भी हुई थी हादसे में मौत
गजरौला। हादसे का शिकार हुए सुरक्षा गार्ड नरेंद्र सिंह चार महीने पहले ही पत्नी लोकेश सहित गजरौला में आया था। यहां कमरा लेकर किराए पर रहने लगा। परिजनों के मुताबिक नरेंद्र सिंह की पहली शादी बेबी नाम की महिला के साथ हुई थी। पांच साल पूर्व रिश्तेदारी में जाते समय बेबी की बाइक से गिरकर मौत हो गई। पहली पत्नी से एक बेटी है। जिसके लालन पालन को रिश्तेदार और परिचितों के कहने पर परिजनों ने नरेंद्र सिंह की लोकेश के साथ दूसरी शादी कर दी। तीन साल पूर्व उसकी शादी हुई। दूसरी पत्नी से कोई बालक नहीं है।