इतना ही नहीं गाड़ी में डालकर एनकाउंटर करने की धमकी दी गई थी। डीआइजी मुरादाबाद ने प्रकरण की जांच मुरादाबाद के तत्कालीन सीओ यातायात रामसागर से कराई गई। जांच में प्रथम दृष्टया उन्होंने भी इन पुलिस कर्मियों की भूमिका संदिग्ध मानी थी। सात अक्तूबर 2021 को तत्कालीन एसएसपी मुरादाबाद बबलू कुमार ने भी डीआइजी को भेजी अपनी रिपोर्ट आरोपियों को दोषी मानते हुए कार्रवाई की संस्तुति की थी। बावजूद इसके आरोपी पुलिस कर्मियों पर कार्रवाई नहीं हो सकी। लिहाजा पीड़ित नवाब अली ने अदालत की शरण ली। शुक्रवार को इस मामले में सीजेएम डॉ दिव्यानंद द्विवेदी ने आरोपी सभी पुलिस कर्मियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज करने का आदेश नगर कोतवाली पुलिस को दिए हैं।
शाहजहांपुर में तैनात हैं आरोपी इंस्पेक्टर रविंद्र सिंह
आरोपी इंस्पेक्टर कोतवाल रविंद्र सिंह की वर्तमान तैनाती जनपद शाहजहांपुर में है। दरोगा लोकेंद्र त्यागी (अब निरीक्षक) मुरादाबाद में गलशहीद थाने के प्रभारी हैं। राजेंद्र सिंह पुंडीर गजरौला थाने की ब्रजघाट चौकी प्रभारी हैं। जबकि दरोगा अनीस अहमद सेवानिवृत्त हो चुके हैं। वहीं सिपाही प्रमोद कुमार का तबादला भी अमरोहा कोतवाली से कहीं दूसरी थाने के लिए हो चुका है।