नौगांवा सादात तहसील में धरना देते भाकियू पदाधिकारी। स्रोत संगठन
नौगांवा सादात (अमरोहा)। भाकियू टिकैत ने शनिवार को किसानों की समस्याओं के समाधान के लिए नौगांवा सादात तहसील में धरना प्रदर्शन किया। पदाधिकारियों ने अधिकारियों पर किसानों का शोषण करने का आरोप लगाया। साथ ही आठ सूत्री ज्ञापन संपूर्ण समाधान दिवस में देकर समस्याओं के समाधान की मांग की।
शनिवार को संगठन के तहसील उपाध्यक्ष सुधाकर सिंह के नेतृत्व में किसान तहसील परिसर पहुंचे और सरकार व अधिकारियों के खिलाफ नारेबाजी करते हुए धरने पर बैठ गए। किसानों ने कहा कि स्वामीनाथन आयोग की रिपोर्ट को तुरंत लागू किया जाए। चीनी मिल गन्ना प्रजाति 5009 को अर्ली प्रजाति में शामिल करें और किसानों को परेशान न किया जाए। गन्ना घटतोली पर पूरी तरह पाबंदी लगाई जाए। नीलगाय, बंदर व आवारा कुत्तों को पकड़वाया जाए या फिर उनकी नसबंदी कराई जाए। एनपीके खाद के कट्टे पर सरकार द्वारा 100 रुपये बढ़ाए गए हैं, इसलिए गन्ने के भाव में काम से कम 50 रुपये क्विंटल की ओर बढ़ोतरी की जाए। किसानों के खेत की मिट्टी की जांच ग्राम पंचायत स्तर पर होनी चाहिए। गन्ने का भुगतान 14 दिन के अंदर किया जाए। इससे अधिक समय लगने पर ब्याज दिलवाया जाए। पिछले सत्र का देर से हुए गन्ना भुगतान का ब्याज दिया जाए। इस दौरान किसानों ने संपूर्ण समाधान दिवस में मांग पत्र देकर जल्दी समस्याओं का समाधान करने की मांग की। ऐसा नहीं होने पर उग्र आंदोलन की चेतावनी दी है। इस दौरान विजयपाल सिंह, डॉ. चंद्रपाल सिंह, ऋषि पाल सिंह, राजवीर सिंह, अंकित कुमार, विजयपाल सिंह, सतीश त्यागी, सुमित चौधरी, बलजीत सिंह, भरत सिंह, प्रेमचंद शर्मा आदि मौजूद रहे।