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Amroha News: आश्रम पद्धति विद्यालय के नए सत्र में शुरू होने की उम्मीद

Thu, 21 Nov 2024 02:26 AM IST
मुरादाबाद ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, अमरोहा
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हसनपुर सोंहत में बनकर तैयार हुआ आश्रम पद्धति विद्यालय का भवन। संवाद - फोटो : संवाद
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हसनपुर (अमरोहा)।
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गांव सोंहत में 26 करोड़ की लागात से बनाए जा रहे आश्रम पद्धति विद्यालय का निर्माण कार्य तेजी से चल रहा है। अब तक 80 प्रतिशत काम पूरा हो चुका है। विद्यालय का संचालन 2025 के नए सत्र से शुरू होने की उम्मीद है। विद्यालय का संचालन शुरू होने से क्षेत्र के विद्यार्थियों को राहत मिलेंगी।
हसनपुर तहसील क्षेत्र के गांव सोंहत में 40 बीघा भूमि पर आश्रम पद्धति के विद्यालय का निर्माण हो रहा है। विधायक महेंद्र सिंह खड़गवंशी के प्रयासों से आश्रम पद्धति विद्यालय का निर्माण 2021 में शुरू हुआ था। विद्यालय भवन के साथ ही आवासीय भवन, किचन एवं डाइनिंग ब्लॉक भी बनकर तैयार हो गए हैं। रंगाई-पुताई का काम भी लगभग पूरा हो चुका है। आधुनिक शिक्षा के साथ- साथ यहां छात्र-छात्राओं को संस्कारवान बनाने के लिए पाठ्यक्रम उपलब्ध रहेंगे।
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नवोदय विद्यालय के तर्ज पर आश्रम पद्धति विद्यालय में भी छात्र-छात्राओं के आवासीय की सुविधा भी उपलब्ध रहेगी। माना जा रहा है कि इस विद्यालय में वर्ष 2025 के शिक्षा सत्र का संचालन शुरू हो सकता है। इसमें कक्षा छह से 12 तक की पढ़ाई की जाएगी।
आश्रम पद्धति विद्यालय में मिलती है यह सुविधाएं
आश्रम पद्धति विद्यालय में बच्चों को कई प्रकार की सुविधाएं प्रदान की जाएंगी। इसमें निशुल्क शिक्षा, आवास, भोजन, वस्त्र, स्टेशनरी, औषधि, कंप्यूटर शिक्षा, प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी के लिए कुशल शिक्षकों का मार्गदर्शन भी निशुल्क रूप से मिलता है। इसके साथ ही विभिन्न खेलों के साथ खेल के लिए मैदान एवं कोच भी मिलते हैं।
जल्द शुरू किया जाए आश्रम पद्धति विद्यालय का संचालन
गांव सोंहत निवासी उमेश नागर, पूर्व ब्लॉक प्रमुख पति अशोक नागर, उमा नागर, पूर्व प्रधान संतोष सिंह, प्रधान देशराजपाल, बलवीर सिंह आदि लोगों ने आश्रम पद्धति विद्यालय का संचालन जल्द शुरू करने की मांग की है।
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- आश्रम पद्धति विद्यालय का निर्माण कार्य जल्द पूरा हो जाएगा और इसका संचालन भी जल्द शुरू कराने का प्रयास किया जाएगा। इसका मकसद, गरीब और वंचित परिवारों के बच्चों को शिक्षित करना और उन्हें संस्कारित करना है। इन विद्यालयों में आवासीय और शैक्षणिक सुविधाएं एक ही कैंपस में उपलब्ध होती हैं। - सुनीता सिंह, एसडीएम
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