अमरोहा। चार साल पहले आदमपुर क्षेत्र के गांव में किशोरी से दुष्कर्म के मामले में कोर्ट में चल रही सुनवाई के दौरान दोनों पक्षों की बहस पूरी हो गई है। मामले में अब एक अगस्त को सुनवाई होगी। इस दौरान कोर्ट आरोपी के दोष सिद्ध करने से लेकर सजा पर फैसला सुना सकता है। पीड़िता की तहरीर पर पुलिस ने मोनू के खिलाफ दुष्कर्म का मामला दर्ज किया था।
वहीं, घटना के 40 दिन बाद पीड़िता की मौत हो गई थी। इस पर पीड़िता के पिता दुष्कर्म के आरोपी व उसके परिजनों पर हत्या का मुकदमा दर्ज कराया था जबकि पुलिस ने आत्महत्या की धाराओं में आरोप पत्र कोर्ट में दाखिल किया था। दुष्कर्म पीड़िता की मौत से संबंधित सुनवाई दूसरे कोर्ट में चल रही है।
आदमपुर क्षेत्र निवासी किसान की बेटी 25 सितंबर 2021 की दोपहर घर पर थी। इस बीच गांव के मोनू ने घर में घुसकर किशोरी से छेड़खानी की थी। परिवार के लोगों ने मोनू को पकड़ना चाहा तो वह छूटकर भाग निकला था। मामले में पुलिस ने आरोपी के खिलाफ घर में घुसकर छेड़खानी व पॉक्सो एक्ट के तहत मुकदमा दर्ज किया था। पुलिस ने किशोरी के बयान कोर्ट में दर्ज कराए थे। इसमें उसने दुष्कर्म करने की बात कही थी। पीड़िता के बयानों के आधार पर पुलिस ने आरोपी के खिलाफ दुष्कर्म की धाराओं की बढ़ोतरी की लेकिन पुलिस ने आरोपियों को गिरफ्तार नहीं किया था। पीड़ित परिवार के मुताबिक आरोपी के परिजन फैसले के लिए धमका रहे थे। आरोप है कि मुकदमे में फैसला नहीं होने से नाराज मोनू ने भाई व मां के साथ मिलकर 31 अक्तूबर 2021 को दुष्कर्म पीड़िता को जान से मार दिया था। पुलिस ने किशोरी के पिता की तहरीर पर तीनों के खिलाफ हत्या का मुकदमा दर्ज कर गिरफ्तार कर जेल भेज दिया था। फिलहाल सभी आरोपी जमानत पर जेल से बाहर हैं। मामले में पुलिस ने दुष्कर्म पीड़िता की आत्महत्या करने की धाराओं में आरोप पत्र न्यायालय में दाखिल किया था।
दोनों मामलों में पुलिस ने अलग-अलग आरोप पत्र दाखिल किए। दुष्कर्म पीड़िता की हत्या और आत्महत्या से जुड़े मामले की सुनवाई अलग कोर्ट में चल रही है। घर में घुसकर दुष्कर्म के मामले की सुनवाई अपर सत्र न्यायाधीश प्रथम की अदालत में चल रही है। सहायक जिला शासकीय अधिवक्ता संजीव चौधरी ने बताया कि दुष्कर्म से जुड़े मामले में दोनों पक्षों की ओर से सुनवाई पूरी हो चुकी है। अब इस मामले में एक अगस्त को सुनवाई होगी। इसी दिन कोर्ट अपना फैसला भी सुना सकती है।