गांव कोकापुर निवासी अजय कुमार की बेटी उषा (1) की शुक्रवार सुबह खेत पर बनी नाली में भरे पानी में डूबकर मौत हो गई। अजय की पत्नी चमेली खेत पर गेहूं की फसल काटने गई थी। महिला ने बच्ची को सुलाकर नाली के पास पेड़ के नीचे छाया में लिटा दिया था, जो सोते समय करवट बदलने पर नाली में गिर गई। परिजनों ने बिना किसी कार्रवाई के ही शव का अंतिम संस्कार कर दिया है।
गांव कोकापुर में किसान अजय कुमार का परिवार रहता है। शुक्रवार सुबह करीब 10 बजे अजय की पत्नी चमेली खेत पर गेहूं की कटाई करने गई थी। वह अपनी एक वर्षीय बेटी उषा को भी खेत पर लेकर गई थी। चमेली ने बेटी को सुलाकर पास ही पेड़ के नीचे छाया में लिटा दिया था, जिसके पास ही खेत मेें सिंचाई करने के लिए एक नाली बनी है। नाली में पानी भरा था।
सोते समय बच्ची ने करवट बदली तो वह नाली में गिरकर आई। गेहूं काट रही चमेली कुछ देर बाद बेटी को देखने आई तो बेटी को नाली में पड़ा देखा। उसने नाली से बच्ची को बाहर निकाला, लेकिन तब तक उसकी मौत हो चुकी थी। जानकारी होने पर परिजन और ग्रामीण मौके पर पहुंचे।
तीन भाई-बहनों में सबसे छोटी थी उषा
एक वर्षीय बेटी की मौत होने से मां बेसुध हो गईं। पिता व अन्य परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। उषा तीन भाई-बहनों में सबसे छोटी थी और परिवार वालों की लाडली बेटियां थी। सीओ दीप कुमार पंत का कहना है कि इस तरह की घटना की कोई जानकारी नहीं है।