किशोरी से दुष्कर्म के दोषी को कोर्ट ने 20 साल की सजा सुनाई है। साथ ही 40 हजार रुपये का जुर्माना लगाया है। घटना करीब दो साल पहली है। फिलहाल दोषी जमानत पर बाहर था, कोर्ट का फैसला आने के बाद उसे गिरफ्तार कर जेल भेज दिया गया।
यह घटना हसनपुर में हुई थी। क्षेत्र निवासी एक महिला से मोहल्ला लालबाग रेतियान वाली गली के रहने वाले वसीम से संबंध थे। इसके चलते उसका महिला के घर आना जाना था। 30 अक्तूबर 2022 को महिला बाजार गई थी। उसकी 15 वर्षीय बेटी घर पर अकेली थी। तभी, वसीम घर आया और किशोरी के साथ दुष्कर्म किया। साथ ही परिजनों को इसकी जानकारी देने पर जान से मारने की धमकी दी थी।
महिला घर लौटी तो किशोरी ने आपबीती बताई। महिला ने वसीम के खिलाफ घर में घुसकर बेटी से दुष्कर्म, धमकी और पॉक्सो एक्ट के तहत मुकदमा दर्ज कराया। पुलिस ने वसीम को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया था। फिलहाल वह जमानत पर जेल से बाहर था। इस मुकदमे की सुनवाई अपर सत्र न्यायाधीश विशेष पॉक्सो एक्ट द्वितीय अरविंद कुमार शुक्ला की अदालत में चल रही थी। अभियोजन पक्ष की ओर से विशेष लोक अभियोजक नवीन त्यागी पैरवी कर रहे थे। बुधवार को न्यायालय ने मुकदमे में आखिरी सुनवाई की और साक्ष्यों व सबूतों के आधार पर आरोपी वसीम को दोषी करार दिया। साथ ही उसे 20 साल के कठोर कारावास की सजा सुनाई और 40 हजार रुपये हजार रुपये का जुर्माना लगाया है।