फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

राष्ट्रीय कुश्ती चैंपियनशिप-2021: बजरंग पुनिया बोले- देश में सुविधा की मोहताज नहीं कुश्ती, मेडल लाने के लिए करनी पड़ती कड़ी मेहनत

Sat, 18 Sep 2021 11:33 PM IST
Vikas Kumar संवाद न्यूज एजेंसी, अमेठी

सार

राष्ट्रीय कुश्ती चैंपियनशिप-2021 के पहले दिन अपने प्रतिद्वंद्वियों को धूल चटाने वाले हरियाणा के पहलवान दूसरे दिन भी हावी रहे और आठ मेडल जीतकर अपनी धाक बरकरार रखी। यूपी व राजस्थान के पहलवानों ने चार-चार और दिल्ली व पंजाब के खिलाड़ियों ने पांच-पांच मेडल जीते। 
विज्ञापन
राष्ट्रीय कुश्ती चैंपियनशिप-2021 - फोटो : amar ujala
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

राष्ट्रीय कुश्ती चैंपियनशिप-2021 में शामिल पहलवानों का हौसला बढ़ाने के लिए ओलंपिक-2021 के फ्री स्टाइल कुश्ती के कांस्य पदक विजेता बजरंग पुनिया शुक्रवार को अमेठी में थे। सुबह से लेकर शाम तक कार्यक्रम स्थल पर डटे रहे। देश के 23 राज्यों से आए पहलवानों के प्रदर्शन पर ताली बजाकर उनका उत्साह बढ़ाया। पुनिया जिले के युवा खिलाड़ियों के लिए भी प्रेरणास्रोत साबित हुए। पहले दिन की प्रतियोगिता समाप्त होने के बाद अमर उजाला ने पुनिया से कुश्ती व अमेठी में हो रहे इस आयोजन पर बातचीत की।

विज्ञापन


पुनिया ने कहा कि यह बहुत ही अच्छा आयोजन है। कुश्ती मुख्य रूप से गांव का ही खेल है। इससे खिलाड़ी प्रेरणा लेंगे। ऐसा नहीं कि कोई हरियाणा दिल्ली के पहलवान ही मेडल जीत सकते हैं। मन से मेहनत करे तो भारत के किसी भी हिस्से में रहने वाला पहलवान मेडल जीत सकता है।

कुश्ती का खेल सुविधाओं का मोहताज नहीं होता। मैं भी गांव से ही निकल कर आया हूं। यह सब कोई बात नहीं है कि गांव के लड़के यह सब नहीं कर सकते हैं। मेहनत करने वालों की कभी हार नहीं होती। अगर मेहनत करेंगे। अपने बड़ों का सम्मान करेंगे, तो कोई भी मुकाम हासिल किया जा सकता है। जो भी खिलाड़ी यहां आए हैं। उनसे प्रेरणा लें। जीवन में आगे बढ़ें। संघर्ष से ही मुकाम तय होता है। कुश्ती का बहुत अच्छा भविष्य है। हर साल मेडल आ रहे हैं। कुश्ती में भारत दिन-ब-दिन आगे जा रहा है।
विज्ञापन


कुश्ती में भाग्य आजमाएं लड़कियां
शनिवार को सैनिक स्कूल पहुंचीं फ्री स्टाइल कुश्ती की अंतरराष्ट्रीय पहलवान गीता फोगाट ने ग्रामीण क्षेत्र में हो रहे राष्ट्रीय कुश्ती प्रतियोगिता के आयोजन पर खुशी जताई। उन्होंने कहा कि इसके लिए केंद्रीय मंत्री स्मृति की जितनी प्रशंसा की जाए कम है। यह आयोजन अमेठी के साथ उत्तर प्रदेश के लिए गर्व का विषय है। इस आयोजन से जिले के युवाओं को प्रेरणा मिलेगी। युवा दिन रात मेहनत करें। हमने भी गांव से निकलकर यहां तक का सफर तय किया है। लड़कियों को चाहिए कि वे संकोच तोड़कर कुश्ती में भाग्य आजमाएं। अभिभावकों को भी चाहिए कि वे इस क्षेत्र में बढ़ने वाली अपनी लाडली को सपोर्ट करें। बेटियों को सपोर्ट करेंगे तो वे आपके साथ देश का भी नाम रोशन करेंगी।

लखनऊ में भी ऐसे आयोजन की जरूरत
शनिवार को प्रदेश के कानून मंत्री बृजेश पाठक भी सैनिक स्कूल पहुंचे। कानून मंत्री ने अमेठी में हो रही राष्ट्रीय स्तर की दंगल प्रतियोगिता की मुक्तकंठ से सराहना की। कहा कि यह ग्रामीण इलाके में होने वाला शानदार आयोजन है। अमेठी की सरजमीं पर यह ऐतिहासिक कार्य है। आयोजन के लिए बड़ी बहन स्मृति व राष्ट्रीय कुश्ती संघ के अध्यक्ष बृजभूषण शरण सिंह बधाई के पात्र हैं। देश के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी भी कुश्ती को लगातार प्रोत्साहित कर रहे हैं। हरियाणा व कई अन्य प्रांतों से निकलकर खिालाड़ी खेल के क्षेत्र में अंतरराष्ट्रीय पटल पर पहचान बना रहे हैं। देश का नाम रोशन कर रहे हैं। अब पूरे देश की निगाहें यूपी पर हैं। इस आयोजन से युवा प्रेरणा लेंगे। यूपी से भी खिलाड़ी निकलेंगे और अंतरराष्ट्रीय स्तर के खेलों में प्रतिभाग कर मेडल लाने में सफल होंगे।
 

2022 के दंगल में 350 सीटें

राष्ट्रीय कुश्ती चैंपियनशिप-2021 - फोटो : amar ujala
खेल आयोजन में शामिल होने आए कानून मंत्री बृजेश पाठक राजनीति से जुड़े सवालों पर भी खुलकर बोले। पाठक ने कहा कि अमेठी लंबे समय से पीड़ा झेल रहा था। अमेठी में विकास के नाम पर कुछ नहीं था। स्मृति के आने के बाद अमेठी विकास के पथ पर तेजी से आगे बढ़ रहा है। 2022 में होने वाले चुनावी दंगल से जुड़े एक सवाल पर कानून मंत्री ने कहा कि पूरे प्रदेश में बड़ी संख्या में लोग भाजपा से जुड़ रहे हैं। 2022 की चुनावी दंगल में भाजपा 350 से अधिक सीटें जीतकर उत्तर प्रदेश को पूर्ण बहुमत की स्थायी सरकार देगी।

दूसरे दिन जुटी भारी भीड़
बरसात की वजह से पहले दिन कार्यक्रम स्थल पर दर्शकों की भीड़ कम थी। हालांकि शनिवार को मौसम साफ हुआ तो कार्यक्रम स्थल दर्शकों से खचाखच भर गया। दर्शक भी देश के अलग-अलग राज्यों से आए कुश्ती के दांव देख सकें इसके लिए वाटर प्रूफ टेंट का एक तरफ का पर्दा खोल दिया गया था।

प्रमुख रूप से यह रहे मौजूद
राष्ट्रीय कुश्ती संघ के अध्यक्ष बृजभूषण शरण सिंह ने सिर्फ राष्ट्रीय कुश्ती प्रतियोगिता के दूसरे दिन भी पूरे समय मौजूद रहे बल्कि उन्होंने स्मृति के सम्मान में गीत भी गया। दूसरे दिन प्रतियोगिता के दौरान मौजूद प्रमुख लोगों में राज्यमंत्री सुरेश पासी, जिला पंचायत अध्यक्ष राजेश अग्रहरि, अमेठी विधायक गरिमा सिंह, तिलोई विधायक मयंकेश्वर शरण सिंह, पूर्व दर्जा प्राप्त मंत्री आशीष शुक्ल, पूर्व विधायक दादा तेजभान सिंह व चंद्र प्रकाश मटियारी, एडीएम एफआर एसपी सिंह व एडीएम न्यायिक सुधीर रूंगटा शामिल रहे।

खिलाडिय़ों को दिया गया मेडल
पहले दिन देर रात के बाद शनिवार को भी अपने भार वर्ग की अलग-अलग स्टाइल की कुश्ती प्रतियोगिता में प्रथम, द्वितीय व तृतीय को मेडल व प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित कियया गया। प्रथम स्थान पाने वाले पहलवान को गोल्ड, द्वितीय को सिल्वर व तृतीय स्थान पर चुने गए दो-दो पहलवानों को कांस्य पदक दिए गए।
विज्ञापन

दूसरे दिन भी रहा हरियाणा के पहलवानों का दबदबा, 10 ने जीते मेडल

राष्ट्रीय कुश्ती चैंपियनशिप-2021 - फोटो : amar ujala
राष्ट्रीय कुश्ती चैंपियनशिप-2021 के पहले दिन अपने प्रतिद्वंद्वियों को धूल चटाने वाले हरियाणा के पहलवान दूसरे दिन भी हावी रहे और आठ मेडल जीतकर अपनी धाक बरकरार रखी। यूपी व राजस्थान के पहलवानों ने चार-चार और दिल्ली व पंजाब के खिलाड़ियों ने पांच-पांच मेडल जीते। 

दूसरे दिन की फ्री स्टाइल कुश्ती के 57 किलोग्राम भार वर्ग में महाराष्ट्र के सौरभ माही को गोल्ड, हरियाणा के कुलदीप को सिल्वर व यूपी के सत्येंद्र और दिल्ली के अभिषेक को कांस्य पदक मिला। 70 किलो में हरियाणा के नवीन को गोल्ड, दिल्ली के सौरभ को सिल्वर व यूपी के मुलायम और एसएससीबी के पवन को कांस्य पदक मिले। 86 किलो में पंजाब के संदीप को गोल्ड, छत्तीसगढ़ के मंजीत को सिल्वर व राजस्थान के तेजपाल व दिल्ली के आशीष को कांस्य पदक मिले।

ग्रीको रोमन शैली की कुश्ती के 72 किलोग्राम भार वर्ग में हरियाणा के विकास को गोल्ड, बिहार के विकास को सिल्वर, राज्स्थान के सुमित जाट व पंजाब के लवप्रीत ने कांस्य पदक जीते। 77 किलो में हरियाणा के साजन को गोल्ड, राजस्थान के छग्गन को सिल्वर, कर्नाटक को हुला बाशु व महाराष्ट्र के गोकुल को कांस्य पदक मिले। 82 किलो में हरियाणा के रोहित को गोल्ड, दिल्ली के नीरज को सिल्वर, एसएससीबी के संजीत और राजस्थान के राहुल को कांस्य पदक मिले। 97 किलो में एसएससीबी के दीपांशु को गोल्ड, यूपी के विशु कुंडू को सिल्वर हरियाणा के नीतेश व पंजाब के नरेंद्र चीमा को कांस्य पदक मिले।

महिला कुश्ती में इन्हें मेडल
महिला कुश्ती के 53 किलोग्राम भार वर्ग में हरियाणा की अंकुश को गोल्ड, पंजाब की गुरुशण को सिल्वर, गुजरात की रिद्धीबेन व महाराष्ट्र की स्वाति को कांस्य पदक मिले। 57 किलो में हरियाणा की नितिका को गोल्ड, मध्य प्रदेश की गेशू को सिल्वर, कर्नाटक की श्वेता व दिल्ली की उन्नति को कांस्य पदक मिला। 65 किलो में हरियाणा की निशा को गोल्ड, पंजाब की जसप्रीत को सिल्वर, कर्नाटक की लीना व उत्तराखंड की तनु को कांस्य पदक मिले। 72 किलो में यूपी की दिव्या काकरान को गोल्ड, हरियाणा की हनी को सिल्वर पंजाब की जसनबीन व उत्तराखंड की प्रियंका को कांस्य पदक प्राप्त हुए।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें