अंबेडकरनगर। जिले की 902 ग्राम पंचायतों में विकास का पहिया तेजी से आगे बढ़ सके और ग्रामीणों की मूलभूत समस्याएं दूर हो सकें, इसके लिए शासन से जिले को 22 करोड़ रुपये की रकम उपलब्ध होगी।
15वें वित्त आयोग के तहत जिले को उपलब्ध होने वाली रकम से न सिर्फ आधे-अधूरे पंचायत भवन का निर्माण पूरा किया जाएगा बल्कि पेयजल किल्लत व जलभराव आदि समस्याओं को दूर किया जाएगा। डीपीआरओ कार्यालय के अनुसार उम्मीद है कि नवंबर के अंत तक शासन से रकम जिले को उपलब्ध हो जाएगी।
ग्रामीणों को मूलभूत सुविधाएं सुचारु रूप से उपलब्ध हो सकें, इसके लिए केंद्र व प्रदेश सरकारों द्वारा विभिन्न प्रकार की योजनाओं का संचालन किया जा रहा है। न सिर्फ गांवों में आवागमन सुचारु करने के लिए संपर्क मार्गों की मरम्मत कराई जा रही है बल्कि नए संपर्क मार्ग का भी निर्माण किया जा रहा है। जलभराव की समस्या दूर करने के लिए क्षतिग्रस्त नालियों को दुरुस्त करने के साथ ही नए नालों व नालियों का निर्माण भी कराया जा रहा है।
इसके अलावा पेयजल किल्लत व जलभराव आदि समस्याओं को दूर करने के साथ ही प्रत्येक ग्राम पंचायत में पंचायत भवन का निर्माण कराया जा रहा है। बताते चलें कि जिले में कुल 902 ग्राम पंचायतें हैं।
डीपीआरओ कार्यालय के संजीत पटेल ने बताया कि शीघ्र ही शासन से जिले को 15वें वित्त के तहत 22 करोड़ रुपये की रकम उपलब्ध हो जाएगी। इस राशि ने न सिर्फ आधे-अधूरे पंचायत भवनों का निर्माण कार्य पूर्ण किया जाएगा बल्कि जर्जर हो चुके पंचायत भवन की मरम्मत भी कराई जाएगी।
डीपीआरओ अवनीश कुमार श्रीवास्तव ने बताया कि जिले की 902 ग्राम पंचायतों में विकास कार्यों के लिए शासन से जिले को शीघ्र ही 22 करोड़ रुपये की राशि उपलब्ध होगी। 15वें वित्त के तहत मिलने वाली राशि से गांवों में पंचायत भवन के निर्माण व मरम्मत के अलावा पेयजल, प्रकाश आदि से जुड़ी समस्याओं को भी दूर किया जाएगा।