अंबेडकरनगर। जिले में मौसम के करवट लेने से लोगों की सेहत पर सीधा असर पड़ा है। ठंडी हवाओं और गिरते तापमान के कारण वायरल बुखार का प्रकोप तेजी से बढ़ गया है। जिले के हर गांव और कस्बे में बुखार, खांसी और जुकाम से पीड़ित मरीजों की संख्या लगातार बढ़ रही है। मंगलवार को जिला अस्पताल की ओपीडी में करीब 1400 मरीज पहुंचे। इनमें बुखार के मरीजों की संख्या 300 से अधिक रही।
नवंबर के पहले सप्ताह तक जहां न्यूनतम तापमान 21 डिग्री सेल्सियस के आसपास बना हुआ था, वहीं अब यह 12 से 13 डिग्री सेल्सियस तक नीचे आ गया है। दिन में हल्की धूप और रात में बढ़ती ठंड ने स्वास्थ्य संबंधी परेशानियों को बढ़ा दिया है। जिला अस्पताल पर सर्दी-जुकाम, बुखार और वायरल फीवर के मरीजों की संख्या में तेजी से बढ़ोतरी हो रही है।
जिला अस्पताल के फिजीशियन डॉ. योगेश वर्मा ने बताया कि इस समय वायरल फीवर से अधिकतर मरीज बच्चे और बुजुर्ग हैं। तेज बुखार, सिरदर्द, बदन दर्द, गले में खराश, खांसी और जुकाम इसके सामान्य लक्षण हैं। अधिकांश मामलों में मरीज पांच से सात दिनों में ठीक हो जाते हैं, लेकिन अगर लगातार तेज बुखार या कमजोरी बनी रहे तो तुरंत डॉक्टर से संपर्क करें।
संक्रमण से बचाव के लिए ठंडे पेय पदार्थों से परहेज करें और शरीर को गर्म रखें। पिछले कुछ दिनों से दिन में हल्की धूप और रात में ठंडी हवाओं के कारण तापमान में लगातार गिरावट दर्ज की जा रही है। दिन-रात के तापमान में भारी अंतर होने के कारण शरीर को अनुकूल होने में समय लगता है, ऐसे में रोग प्रतिरोधक क्षमता घटने से संक्रमण का खतरा बढ़ जाता है। सर्दी-जुकाम और वायरल से बचाव के लिए गर्म पानी पिएं, गुनगुने पानी से गरारे करें, मौसमी फल खाएं और भीड़भाड़ वाले इलाकों से बचें।